बचपन में आंख में चला गया था चूना, 22 साल बाद दिल्ली में हुआ प्रियंका सेंगर का ऑपरेशन; इलाज के बाद लौटीं घर
मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले की रहने वाली प्रियंका सेंगर के जीवन में लंबे इंतजार के बाद नई उम्मीद जगी है। बचपन में हुए एक हादसे के कारण उनकी एक आंख की रोशनी चली गई थी। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के चलते उनका इलाज पूरा नहीं हो पाया था। अब दिल्ली में उनकी आंख का ऑपरेशन कराया गया है। इलाज के बाद उनकी आंखों की देखने की क्षमता में पहले की तुलना में सुधार बताया जा रहा है। प्रियंका दिल्ली से फ्लाइट के जरिए इंदौर लौट आई हैं।
तीन साल की उम्र में हुआ था हादसा
प्रियंका सेंगर बड़वानी जिले के पाड़छा गांव की रहने वाली हैं। जब वह करीब तीन साल की थीं, तब गलती से उनकी आंख में चूना चला गया था। इस हादसे में उनकी दाईं आंख गंभीर रूप से प्रभावित हुई और उसकी रोशनी चली गई। परिवार ने उस समय इलाज कराने की कोशिश की थी। प्रियंका का एक ऑपरेशन भी हुआ, लेकिन आंख की समस्या पूरी तरह ठीक नहीं हो पाई।
डॉक्टरों ने आगे के इलाज और एक अन्य ऑपरेशन की जरूरत बताई थी। हालांकि, परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण इलाज आगे नहीं बढ़ सका। इस वजह से प्रियंका को कई साल तक आंख की परेशानी के साथ रहना पड़ा।
इंदौर के कार्यक्रम में राहुल गांधी को बताई थी परेशानी
प्रियंका की आंखों के इलाज का मामला 19 सितंबर 2026 को इंदौर में आयोजित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम के दौरान सामने आया था। इस कार्यक्रम में कांग्रेस नेता राहुल गांधी विद्यार्थियों से संवाद कर रहे थे। प्रियंका भी मंच पर पहुंचीं और उन्होंने छात्रावास से जुड़ी समस्याओं के साथ अपनी परेशानी भी बताई।
बातचीत के दौरान राहुल गांधी की नजर प्रियंका की एक आंख पर पड़ी। उन्होंने आंख की स्थिति के बारे में पूछा तो प्रियंका ने बचपन में हुए हादसे और आर्थिक तंगी के कारण अधूरे रह गए इलाज की जानकारी दी। इसके बाद राहुल गांधी ने मंच से ही दिल्ली में उनका इलाज कराने का भरोसा दिया था।
दिल्ली बुलाकर कराया गया ऑपरेशन
राहुल गांधी के आश्वासन के बाद उनकी टीम ने प्रियंका और उनके परिवार से संपर्क किया। पहले उनके पुराने इलाज और मेडिकल रिपोर्ट से जुड़ी जानकारी जुटाई गई। इसके बाद प्रियंका को परिजनों के साथ दिल्ली बुलाया गया, जहां अस्पताल में उनकी आंख का ऑपरेशन कराया गया।
इलाज के बाद प्रियंका की आंखों की दृश्यता में पहले की तुलना में सुधार होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, कितनी रोशनी वापस आई है और आगे कितने समय तक इलाज या जांच की जरूरत होगी, इस बारे में विस्तृत चिकित्सकीय जानकारी सार्वजनिक नहीं हुई है।
पहली बार फ्लाइट से लौटीं इंदौर
दिल्ली में इलाज के बाद प्रियंका पहली बार विमान से सफर कर इंदौर लौटीं। उनकी वापसी का वीडियो भी सोशल मीडिया पर साझा किया गया है। प्रियंका के परिवार के लिए यह राहत की खबर है, क्योंकि आर्थिक परेशानियों के चलते जिस इलाज का इंतजार सालों से था, वह अब पूरा हो पाया है।
प्रियंका ने कार्यक्रम में केवल अपनी आंखों की समस्या ही नहीं, बल्कि छात्रावासों में रहने वाली छात्राओं की परेशानियां भी उठाई थीं। वह आगे पढ़ाई जारी रखते हुए असिस्टेंट प्रोफेसर बनने की तैयारी कर रही हैं। आंख के इलाज के बाद अब उनके सामने अपने इस सपने को पूरा करने की नई उम्मीद है।

