खजराना गणेश मंदिर विवाद: डॉ. इंद्रा भट्ट बोलीं- केस वापस लेने के लिए बनाया जा रहा दबाव
इंदौर के प्रसिद्ध खजराना गणेश मंदिर से जुड़े पुजारियों और उनके परिवार पर दहेज प्रताड़ना, घरेलू हिंसा, मानसिक उत्पीड़न तथा मंदिर के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के आरोप लगाने वाली डॉ. इंद्रा भट्ट (शर्मा) ने गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि शिकायत दर्ज कराने के बाद अब उन पर मामला वापस लेने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है।
डॉ. इंद्रा भट्ट ने दावा किया कि उन्होंने जिन आरोपों को लेकर कानूनी कार्रवाई शुरू की है, उसके बाद से उन्हें समझौता करने और केस वापस लेने के लिए विभिन्न स्तरों पर दबाव का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि वह अपने आरोपों पर कायम हैं और न्याय मिलने तक कानूनी लड़ाई जारी रखेंगी।
मामले में डॉ. भट्ट ने पुजारियों और उनके परिवार के कुछ सदस्यों पर दहेज प्रताड़ना, घरेलू हिंसा और मानसिक उत्पीड़न जैसे आरोप लगाए हैं। इसके अलावा उन्होंने मंदिर में आने वाले चढ़ावे और उससे जुड़े वित्तीय लेनदेन में कथित अनियमितताओं की जांच की मांग भी की है।
इस विवाद के सामने आने के बाद मामला धार्मिक और सामाजिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, आरोपों को लेकर संबंधित पक्ष की ओर से पहले भी इन दावों को खारिज किया जाता रहा है। मामले की जांच और कानूनी प्रक्रिया जारी है।
डॉ. इंद्रा भट्ट का कहना है कि उन्हें न्याय व्यवस्था पर भरोसा है और वह किसी भी दबाव में आने वाली नहीं हैं। वहीं, इस पूरे प्रकरण पर प्रशासन और जांच एजेंसियों की नजर बनी हुई है। आने वाले दिनों में जांच के निष्कर्ष और कानूनी कार्रवाई के आधार पर मामले की तस्वीर और स्पष्ट हो सकती है।

