Samachar Nama
×

ऑल इंडिया मुशायरा में पत्रकार और शायर अबूबकर जिया पर जानलेवा हमला

ऑल इंडिया मुशायरा में पत्रकार औरऑल इंडिया मुशायरा में पत्रकार और शायर अबूबकर जिया पर जानलेवा हमला शायर अबूबकर जिया पर जानलेवा हमला

मध्य प्रदेश के खरगोन शहर में 8 फरवरी 2026 को आयोजित ऑल इंडिया मुशायरा एक शर्मनाक और भयावह घटना में बदल गया। कार्यक्रम के दौरान सम्मानित पत्रकार और शायर अबूबकर जिया पर स्टेज पर ही जानलेवा हमला किया गया।

जानकारी के अनुसार, कुछ दबंग प्रवृत्ति के लोग स्टेज पर पहुंच गए और उन्होंने अबूबकर जिया पर गला दबाकर हत्या का प्रयास किया। हमलावरों ने उन्हें गाली-गलौज भी की और इस दौरान उनके जेब से नकदी और कीमती सामान लूट लिए। इस घटना ने पूरे मुशायरे और उपस्थित लोगों को दहशत में डाल दिया।

स्थानीय पुलिस ने बताया कि घायल शायर को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। पुलिस ने हमले में शामिल लोगों की पहचान कर ली है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी है।

मुशायरा आयोजकों और उपस्थित दर्शकों ने कहा कि यह घटना न केवल सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए शर्मनाक है, बल्कि समाज में कानून और सुरक्षा व्यवस्था के प्रति गंभीर सवाल उठाती है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोहराई न जाएं।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार की हिंसक घटनाएं न केवल व्यक्तियों की सुरक्षा के लिए खतरा हैं, बल्कि सांस्कृतिक और साहित्यिक कार्यक्रमों के लिए भी चिंता का विषय बनती हैं। उन्होंने बताया कि आयोजकों और स्थानीय प्रशासन को हर कार्यक्रम में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना चाहिए।

पत्रकार और साहित्यकार संगठनों ने इस हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि शायर और पत्रकारों के खिलाफ हिंसा सहन नहीं की जाएगी और वे इस मामले में प्रशासन के साथ पूरी तरह सहयोग करेंगे। उनकी मांग है कि आरोपी लोगों के खिलाफ तीव्र कानूनी कार्रवाई की जाए और पीड़ित को पूरी सुरक्षा दी जाए।

स्थानीय नागरिकों ने भी इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया। उनका कहना है कि इस तरह की हिंसा से केवल आतंक और भय फैलता है और समाज में सांस्कृतिक गतिविधियों को प्रभावित किया जाता है।

पुलिस ने बताया कि मामले की गहन जांच जारी है और आरोपी जल्द ही न्याय के कठघरे में खड़े होंगे। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे घटनास्थल और आरोपियों से संबंधित किसी भी जानकारी को पुलिस के साथ साझा करें, ताकि त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

इस घटना ने यह साबित किया कि सांस्कृतिक और साहित्यिक आयोजनों में सुरक्षा उपायों का पालन अत्यंत आवश्यक है। विशेषज्ञों का मानना है कि आयोजकों को भविष्य में कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा, निगरानी और त्वरित प्रतिक्रिया के उपाय करने होंगे।

खरगोन की यह घटना पूरे राज्य में चर्चा का विषय बन गई है और यह संदेश देती है कि कानून और सुरक्षा व्यवस्था को नजरअंदाज करना किसी भी समय गंभीर परिणाम दे सकता है। पत्रकार और शायर अबूबकर जिया पर हुए हमले ने समाज और प्रशासन दोनों को सतर्क रहने की आवश्यकता बताई है।

Share this story

Tags