नकली सोने-चांदी के जेवर असली बताकर ठगी करने वाला अंतरराज्यीय गैंग पकड़ा, 3 महिलाओं समेत 6 गिरफ्तार
नकली सोने-चांदी के जेवरों को असली बताकर लोगों के साथ ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गैंग का पुलिस ने खुलासा किया है। मामले में पुलिस ने गैंग के 6 सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिनमें 3 महिलाएं भी शामिल हैं। आरोपी नकली आभूषणों को असली बताकर लोगों को अपने जाल में फंसाते थे और उनसे पैसे ऐंठते थे। गिरोह के सदस्यों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब उनके ठगी करने के तरीके और अन्य वारदातों में शामिल होने की जानकारी जुटाने में लगी है।
नकली जेवरों को असली बताकर बनाते थे शिकार
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, गिरोह के सदस्य नकली सोने-चांदी के आभूषणों को असली बताकर लोगों को झांसा देते थे। इस तरह की ठगी में आरोपी आभूषणों की कीमत और उनकी कथित असलियत को लेकर लोगों का भरोसा जीतने की कोशिश करते हैं। इसके बाद उन्हें कम कीमत में कीमती जेवर मिलने का लालच देकर पैसे देने के लिए तैयार किया जाता है।
हालांकि, इस मामले में आरोपियों ने किन परिस्थितियों में और किस तरह लोगों को अपने जाल में फंसाया, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। पुलिस की जांच में ठगी की पूरी कार्यप्रणाली का खुलासा होने की उम्मीद है।
3 महिलाओं समेत 6 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय गिरोह के 6 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में तीन महिलाएं शामिल हैं। गिरोह के अंतरराज्यीय होने के कारण पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर सकती है कि इसके सदस्य किन-किन राज्यों में सक्रिय थे और अब तक कितने लोगों को ठगी का शिकार बनाया गया है।
पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर उनके अन्य साथियों, ठगी से जुड़ी रकम और संभावित पीड़ितों के बारे में जानकारी जुटा सकती है। यदि जांच में दूसरे मामलों से जुड़े साक्ष्य मिलते हैं, तो उन मामलों में भी कार्रवाई की जा सकती है।
लोगों से सावधानी बरतने की अपील
सोने-चांदी के आभूषण खरीदते या उनकी जांच कराते समय लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। किसी अनजान व्यक्ति के कम कीमत पर सोना-चांदी देने के दावे पर तुरंत भरोसा नहीं करना चाहिए। आभूषण खरीदने से पहले विश्वसनीय ज्वेलर से उनकी शुद्धता की जांच कराना बेहतर होता है।
इसके अलावा, किसी भी संदिग्ध सौदे में जल्दबाजी में पैसे देने से बचना चाहिए। यदि कोई व्यक्ति नकली जेवरों को असली बताकर बेचने या उनके नाम पर ठगी करने की कोशिश करता है, तो इसकी सूचना पुलिस को दी जा सकती है।
अन्य वारदातों की जांच में जुटी पुलिस
अंतरराज्यीय गैंग के 6 सदस्यों की गिरफ्तारी के बाद मामले में आगे की जांच महत्वपूर्ण होगी। पुलिस पूछताछ के आधार पर गिरोह के नेटवर्क, ठगी के तरीकों और संभावित पीड़ितों की जानकारी जुटा सकती है।
फिलहाल, घटना किस शहर में हुई, आरोपियों के नाम क्या हैं और उनके पास से कितने नकली आभूषण या कितनी रकम बरामद हुई है, इसकी जानकारी उपलब्ध नहीं है। इन तथ्यों के सामने आने के बाद मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।

