Samachar Nama
×

मध्यप्रदेश में बारिश का रौद्र रूप, 21 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट; भोपाल में स्कूल बंद, कई इलाकों में बाढ़ का खतरा

मध्यप्रदेश में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार हो रही तेज बारिश ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग ने राज्य के 21 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं कई जिलों में नदी-नाले उफान पर आने से बाढ़ जैसे हालात बनने लगे हैं। राजधानी भोपाल में लगातार बारिश और जलभराव को देखते हुए प्रशासन ने सोमवार को स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी है।  मौसम विभाग के अनुसार मानसून ट्रफ और कम दबाव वाले क्षेत्र के सक्रिय होने से प्रदेश में बारिश का दौर तेज हुआ है। रविवार को कई जिलों में भारी बारिश दर्ज की गई, जिसके कारण निचले इलाकों में पानी भर गया। सड़कों पर जलभराव के चलते लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।  भोपाल में नर्सरी से 12वीं तक स्कूल बंद  राजधानी भोपाल में रविवार रात से शुरू हुई तेज बारिश का असर सोमवार सुबह तक दिखाई दिया। कई इलाकों में सड़कों पर पानी भर गया। वीआईपी रोड समेत कई स्थानों पर यातायात प्रभावित हुआ। तेज बारिश और संभावित खतरे को देखते हुए भोपाल जिला प्रशासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए स्कूल बंद रखने का फैसला लिया।  जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देश के अनुसार भोपाल जिले के सभी सरकारी, निजी और अनुदान प्राप्त स्कूलों में नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए अवकाश घोषित किया गया। यह आदेश एमपी बोर्ड के साथ-साथ सीबीएसई और आईसीएसई स्कूलों पर भी लागू रहा।  पांच जिलों में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट  मौसम विभाग ने राजगढ़, विदिशा, सीहोर, हरदा और देवास जिलों में अति भारी बारिश की संभावना को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में अगले 24 घंटे के दौरान भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।  इसके अलावा उज्जैन, आगर-मालवा, शाजापुर, खंडवा, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, सागर, दमोह, जबलपुर, गुना, शिवपुरी और श्योपुर सहित कई जिलों में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।  कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात  प्रदेश के रायसेन, सीहोर, विदिशा, शाजापुर, शिवपुरी और हरदा समेत कई जिलों में बारिश का असर देखने को मिला है। तेज बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर आ गए हैं। कई निचले इलाकों में पानी भरने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है।  रायसेन में कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति बनी, जबकि सीहोर और आसपास के क्षेत्रों में लगातार बारिश से आम जनजीवन प्रभावित हुआ है। किसानों के लिए यह बारिश राहत लेकर आई है, लेकिन अत्यधिक बारिश से फसलों और निचले क्षेत्रों में नुकसान की आशंका भी बढ़ गई है।  प्रदेश के कई हिस्सों में जारी रहेगा बारिश का दौर  मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले दिनों में मध्यप्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। इंदौर, धार, खरगोन, बड़वानी, झाबुआ, ग्वालियर, मुरैना, भिंड, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, उमरिया, पन्ना और छतरपुर समेत कई जिलों में हल्की से तेज बारिश हो सकती है।  प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें और नदी-नालों के आसपास जाने से बचें। लगातार बारिश को देखते हुए सभी जिलों में आपदा प्रबंधन टीमों को अलर्ट पर रखा गया है।

मध्यप्रदेश में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार हो रही तेज बारिश ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग ने राज्य के 21 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं कई जिलों में नदी-नाले उफान पर आने से बाढ़ जैसे हालात बनने लगे हैं। राजधानी भोपाल में लगातार बारिश और जलभराव को देखते हुए प्रशासन ने सोमवार को स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी है।

मौसम विभाग के अनुसार मानसून ट्रफ और कम दबाव वाले क्षेत्र के सक्रिय होने से प्रदेश में बारिश का दौर तेज हुआ है। रविवार को कई जिलों में भारी बारिश दर्ज की गई, जिसके कारण निचले इलाकों में पानी भर गया। सड़कों पर जलभराव के चलते लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

भोपाल में नर्सरी से 12वीं तक स्कूल बंद

राजधानी भोपाल में रविवार रात से शुरू हुई तेज बारिश का असर सोमवार सुबह तक दिखाई दिया। कई इलाकों में सड़कों पर पानी भर गया। वीआईपी रोड समेत कई स्थानों पर यातायात प्रभावित हुआ। तेज बारिश और संभावित खतरे को देखते हुए भोपाल जिला प्रशासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए स्कूल बंद रखने का फैसला लिया।

जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देश के अनुसार भोपाल जिले के सभी सरकारी, निजी और अनुदान प्राप्त स्कूलों में नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए अवकाश घोषित किया गया। यह आदेश एमपी बोर्ड के साथ-साथ सीबीएसई और आईसीएसई स्कूलों पर भी लागू रहा।

पांच जिलों में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट

मौसम विभाग ने राजगढ़, विदिशा, सीहोर, हरदा और देवास जिलों में अति भारी बारिश की संभावना को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में अगले 24 घंटे के दौरान भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।

इसके अलावा उज्जैन, आगर-मालवा, शाजापुर, खंडवा, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, सागर, दमोह, जबलपुर, गुना, शिवपुरी और श्योपुर सहित कई जिलों में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात

प्रदेश के रायसेन, सीहोर, विदिशा, शाजापुर, शिवपुरी और हरदा समेत कई जिलों में बारिश का असर देखने को मिला है। तेज बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर आ गए हैं। कई निचले इलाकों में पानी भरने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है।

रायसेन में कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति बनी, जबकि सीहोर और आसपास के क्षेत्रों में लगातार बारिश से आम जनजीवन प्रभावित हुआ है। किसानों के लिए यह बारिश राहत लेकर आई है, लेकिन अत्यधिक बारिश से फसलों और निचले क्षेत्रों में नुकसान की आशंका भी बढ़ गई है।

प्रदेश के कई हिस्सों में जारी रहेगा बारिश का दौर

मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले दिनों में मध्यप्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। इंदौर, धार, खरगोन, बड़वानी, झाबुआ, ग्वालियर, मुरैना, भिंड, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, उमरिया, पन्ना और छतरपुर समेत कई जिलों में हल्की से तेज बारिश हो सकती है।

प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें और नदी-नालों के आसपास जाने से बचें। लगातार बारिश को देखते हुए सभी जिलों में आपदा प्रबंधन टीमों को अलर्ट पर रखा गया है।

Share this story

Tags