बंदूक तानी, थप्पड़ मारे, फिर भी डकैतों से पोती को छुड़ा लाई दादी: 14 राउंड फायरिंग के बीच 10 मिनट तक किया मुकाबला, 3 घायल
डकैतों के सामने 65 साल की एक बुजुर्ग महिला ने ऐसा साहस दिखाया कि हर कोई हैरान रह गया। बदमाशों ने बंदूक तानकर धमकाया, थप्पड़ मारे और पोती को अपने कब्जे में लेने की कोशिश की, लेकिन दादी ने हार नहीं मानी। उन्होंने डकैतों से भिड़कर अपनी पोती को छुड़ा लिया। इस दौरान करीब 14 राउंड फायरिंग हुई और लगभग 10 मिनट तक संघर्ष चलता रहा। घटना में तीन लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
बताया जा रहा है कि बदमाशों ने परिवार को निशाना बनाते हुए अचानक हमला किया। उनके पास हथियार थे और उन्होंने विरोध करने वालों को डराने के लिए गोलियां भी चलाईं। इस दौरान बुजुर्ग महिला को भी थप्पड़ मारे गए और उन पर बंदूक तानकर पीछे हटने का दबाव बनाया गया।
पोती को बचाने के लिए डटी रही दादी
बदमाशों की धमकियों और फायरिंग के बावजूद बुजुर्ग महिला अपनी पोती को बचाने के लिए डटी रहीं। उन्होंने बदमाशों का मुकाबला किया और करीब 10 मिनट तक संघर्ष करती रहीं। आखिरकार वह पोती को डकैतों के कब्जे से छुड़ाने में सफल रहीं।
घटना के दौरान 14 राउंड फायरिंग होने की बात सामने आई है। गोलियों की आवाज से इलाके में दहशत फैल गई। वारदात में तीन लोगों के घायल होने की सूचना है। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया।
पुलिस जांच में जुटी
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। बदमाशों की पहचान और वारदात के पीछे की वजह का पता लगाया जा रहा है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि हमले में कितने लोग शामिल थे और उनके पास कौन-कौन से हथियार थे।
हालांकि, उपलब्ध जानकारी में घटना का स्थान, घायलों की पहचान और पुलिस की ओर से की गई आगे की कार्रवाई का विस्तृत विवरण नहीं दिया गया है। 65 साल की दादी के साहस और पोती को बचाने के लिए किए गए संघर्ष की चर्चा इलाके में हो रही है।

