रीवा में कांग्रेस कार्यालय के बाहर भाजपा-कांग्रेस कार्यकर्ता आमने-सामने, जमकर हुआ विरोध
रीवा में कांग्रेस कार्यालय के बाहर उस समय राजनीतिक माहौल गरमा गया, जब भाजपा और कांग्रेस के कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए। भाजपा कार्यकर्ता कांग्रेस नेताओं मल्लिकार्जुन खड़गे और सोनिया गांधी पर राष्ट्रगीत के अपमान का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन करने पहुंचे। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस कार्यालय के बाहर वंदे मातरम् का गायन किया।
भाजपा कार्यकर्ताओं का कहना था कि राष्ट्रगीत और राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। इसी मुद्दे को लेकर उन्होंने कांग्रेस नेताओं के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया। कार्यकर्ताओं ने वंदे मातरम् का सामूहिक गायन कर राष्ट्र के प्रति सम्मान और देशभक्ति का संदेश देने की कोशिश की।
भाजपा कार्यकर्ताओं के कांग्रेस कार्यालय पहुंचने के बाद वहां मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया। देखते ही देखते दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। मौके पर कुछ समय के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई। कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे के खिलाफ नारेबाजी भी की।
विरोध प्रदर्शन की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। पुलिस ने दोनों पक्षों के कार्यकर्ताओं को समझाकर शांत कराया। किसी अप्रिय स्थिति को रोकने के लिए कांग्रेस कार्यालय के आसपास सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ाई गई।
भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं की ओर से राष्ट्रगीत के सम्मान को लेकर गंभीर आपत्तिजनक व्यवहार किया गया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सम्मान से जुड़े विषयों पर राजनीति से ऊपर उठकर संवेदनशीलता बरती जानी चाहिए। इसी के विरोध में कार्यकर्ताओं ने वंदे मातरम् का गायन किया।
वहीं, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा के प्रदर्शन को राजनीतिक मुद्दा बनाने का प्रयास बताया। दोनों दलों के कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक के बाद पुलिस ने स्थिति को संभाला।
घटना के बाद रीवा में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ही पक्ष इस मुद्दे को लेकर अपनी-अपनी बात रख रहे हैं। पुलिस की मौजूदगी में स्थिति को नियंत्रित किया गया और किसी बड़े विवाद को होने से रोक दिया गया।
फिलहाल कांग्रेस कार्यालय के बाहर हुए इस विरोध प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज होने की संभावना है। राष्ट्रगीत के कथित अपमान के आरोप और उसके विरोध में भाजपा द्वारा किए गए वंदे मातरम् गायन ने स्थानीय राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है।

