गुना फायरिंग केस में पुलिस को बड़ी सफलता, शराब कारोबारी के मुनीम पर गोली चलाने वाले दो और बदमाश गिरफ्तार
मध्य प्रदेश के गुना जिले में शराब कारोबारी के मुनीम पर फायरिंग के चर्चित मामले में कैंट थाना पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इसके साथ ही इस सनसनीखेज वारदात में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या बढ़ गई है, जबकि पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
जानकारी के अनुसार, यह घटना 4 जून 2025 की है। उस दिन सात-आठ बदमाशों ने शराब कारोबारी के मुनीम कमलेश शिवहरे पर जानलेवा हमला कर दिया था। आरोपियों ने पहले उनके साथ मारपीट की और फिर फायरिंग कर दी। गोली कमलेश की जांघ में लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया था और घायल को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज किया गया।
वारदात के बाद कैंट थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू की थी। जांच के दौरान पुलिस ने पहले ही इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। हालांकि दो आरोपी लगातार फरार चल रहे थे, जिनकी तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही थी।
पुलिस को मिली ताजा सफलता में दोनों फरार बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, ताकि घटना की पूरी साजिश, हमले के पीछे की वजह और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाया जा सके। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपियों ने वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियार कहां से हासिल किए थे।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घटना पुरानी रंजिश और आपसी विवाद से जुड़ी हो सकती है। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ा रही है और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई कर रही है।
कैंट थाना पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद मामले की जांच और मजबूत हुई है। जल्द ही आरोपियों को न्यायालय में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा, ताकि उनसे और जानकारी जुटाई जा सके। यदि जांच में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गुना पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अपराधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस की इस कार्रवाई को मामले के खुलासे की दिशा में एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।

