छिंदवाड़ा में झोलाछाप डॉक्टरों पर बड़ी कार्रवाई: कई अवैध क्लीनिक सील, प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त छापेमारी
मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव अनुभाग के दमुआ और घोड़ावाड़ी क्षेत्र में बुधवार देर शाम तक प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया। छापेमारी के दौरान बिना वैध दस्तावेजों और आवश्यक अनुमति के संचालित हो रही कई क्लीनिकों पर कार्रवाई करते हुए उन्हें सील कर दिया गया।
अधिकारियों के अनुसार, क्षेत्र में अवैध रूप से चिकित्सा सेवाएं संचालित किए जाने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने संयुक्त टीम बनाकर विभिन्न क्लीनिकों का निरीक्षण किया।
दस्तावेज नहीं मिलने पर की कार्रवाई
जांच के दौरान कई संचालक अपनी क्लीनिकों के संचालन से संबंधित वैध पंजीकरण, डिग्री और अन्य आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित क्लीनिकों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना अनुमति और आवश्यक योग्यता के चिकित्सा सेवाएं देना कानून का उल्लंघन है और इससे मरीजों के जीवन को गंभीर खतरा हो सकता है।
मरीजों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
अधिकारियों ने कहा कि झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ यह अभियान आम नागरिकों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए चलाया जा रहा है। ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में अवैध चिकित्सा गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए आगे भी नियमित निरीक्षण किए जाएंगे।
अभियान आगे भी रहेगा जारी
प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जिले के अन्य क्षेत्रों में भी ऐसे क्लीनिकों की जांच की जाएगी। यदि कोई व्यक्ति बिना वैध अनुमति या चिकित्सकीय योग्यता के इलाज करता पाया गया, तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से भी अपील की है कि इलाज के लिए केवल पंजीकृत और अधिकृत चिकित्सकों से ही संपर्क करें तथा किसी भी संदिग्ध या अवैध क्लीनिक की जानकारी तत्काल प्रशासन या स्वास्थ्य विभाग को दें। प्रशासन का कहना है कि जिले में झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा।

