नर्मदापुरम में 28 करोड़ की सरकारी मूंग में बड़ा घोटाला, मिट्टी मिलाने के आरोप में वेयरहाउस जिला प्रबंधक समेत 3 पर FIR
मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले में सरकारी मूंग की गुणवत्ता को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। करीब 28 करोड़ रुपए कीमत की मूंग में मिट्टी और अन्य बाहरी पदार्थ मिलाए जाने के आरोप में वेयरहाउस कॉर्पोरेशन के जिला प्रबंधक समेत तीन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। जांच के दौरान कुछ बोरियां ऐसी मिलीं, जिनमें मूंग की जगह बड़ी मात्रा में मिट्टी भरी हुई थी।
जानकारी के अनुसार, सरकारी मूंग के भंडारण और रखरखाव में अनियमितताओं की शिकायत मिलने के बाद जांच शुरू की गई थी। जांच टीम ने जब वेयरहाउस में रखे स्टॉक की जांच की तो कई खामियां सामने आईं। कुछ बोरियों में मूंग की गुणवत्ता बेहद खराब पाई गई, जबकि कुछ बोरियां पूरी तरह मिट्टी और अन्य बाहरी पदार्थों से भरी मिलीं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों ने जांच रिपोर्ट तैयार कर कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की। जांच में प्रथम दृष्टया लापरवाही और अनियमितता सामने आने के बाद वेयरहाउस कॉर्पोरेशन के जिला प्रबंधक सहित तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
अधिकारियों के मुताबिक, सरकारी मूंग किसानों से खरीदी गई थी और इसे सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी संबंधित विभाग और वेयरहाउस प्रबंधन की थी। ऐसे में भंडारण के दौरान हुई गड़बड़ी को गंभीर लापरवाही माना जा रहा है।इस मामले के सामने आने के बाद प्रशासनिक स्तर पर भी हलचल तेज हो गई है। अधिकारियों ने कहा है कि जांच आगे भी जारी रहेगी और इसमें जो भी लोग दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, इस घटना से सरकारी अनाज भंडारण व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। करोड़ों रुपए की मूंग में मिट्टी मिलने के मामले ने विभागीय निगरानी व्यवस्था की पोल खोल दी है। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह गड़बड़ी कब से चल रही थी और इसमें कितने लोगों की भूमिका शामिल है।फिलहाल पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। आने वाले दिनों में जांच के आधार पर और भी लोगों पर कार्रवाई होने की संभावना जताई जा रही है।

