उज्जैन में बारिश के बीच हुआ 101 फीट के रावण का दहन, CM मोहन यादव वर्चुअली जुड़े; मौसम भी नहीं रोक पाया दशहरा महोत्सव
मध्य प्रदेश के उज्जैन में दशहरा महोत्सव बारिश के बावजूद उत्साह के साथ मनाया गया। मौसम खराब होने के बाद भी रावण दहन का कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान 101 फीट ऊंचे वाटरप्रूफ रावण के पुतले का दहन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी इस आयोजन से वर्चुअली जुड़े। बारिश के कारण कार्यक्रम में चुनौतियां जरूर आईं, लेकिन आयोजन को जारी रखा गया।
दशहरा का पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर रावण दहन देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुटते हैं। उज्जैन में भी महोत्सव को लेकर उत्साह देखने को मिला। बारिश के कारण आयोजन प्रभावित होने की आशंका थी, लेकिन वाटरप्रूफ पुतले की व्यवस्था के चलते रावण दहन संभव हो सका।
बारिश को ध्यान में रखकर बनाया गया वाटरप्रूफ रावण
इस बार आयोजन की खास बात 101 फीट ऊंचा वाटरप्रूफ रावण का पुतला रहा। बारिश के मौसम को देखते हुए पुतले को इस तरह तैयार किया गया था कि मौसम की वजह से कार्यक्रम में बाधा कम से कम आए। दशहरा महोत्सव में मौसम की चुनौती के बीच रावण दहन आकर्षण का केंद्र रहा।
बारिश के कारण खुले मैदानों में होने वाले आयोजनों में अक्सर व्यवस्थाएं प्रभावित होती हैं। ऐसे में वाटरप्रूफ पुतले की तैयारी आयोजन के लिहाज से महत्वपूर्ण रही। हालांकि, कार्यक्रम में बारिश से जुड़ी अन्य व्यवस्थाओं और दर्शकों की संख्या के बारे में विस्तृत जानकारी उपलब्ध नहीं है।
वर्चुअली जुड़े मुख्यमंत्री मोहन यादव
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दशहरा महोत्सव से वर्चुअली जुड़े। उनकी वर्चुअल भागीदारी के साथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री की उपस्थिति ने आयोजन को राजनीतिक और प्रशासनिक दृष्टि से भी चर्चा में रखा।
दशहरा के मौके पर प्रदेशभर में रावण दहन और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। उज्जैन में भी परंपरा के अनुसार रावण दहन का आयोजन किया गया। 101 फीट ऊंचे पुतले के कारण कार्यक्रम लोगों के आकर्षण का केंद्र बना।
बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश
दशहरा भारतीय संस्कृति का प्रमुख त्योहार है। मान्यता के अनुसार, इसी दिन भगवान राम ने रावण का वध किया था। इसी प्रतीकात्मक परंपरा के तहत हर साल रावण के पुतले का दहन किया जाता है। यह आयोजन अहंकार, अन्याय और बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश देता है।
उज्जैन में बारिश के बीच रावण दहन का आयोजन होना इस साल के दशहरा महोत्सव की प्रमुख बात रही। खराब मौसम के बावजूद कार्यक्रम आयोजित किए जाने से पर्व की परंपरा कायम रही। 101 फीट के वाटरप्रूफ रावण का दहन आयोजन का मुख्य आकर्षण बना।

