तिरुवनंतपुरम में सियासी सरगर्मी तेज, कांग्रेस में सीएम चेहरे को लेकर मंथन
केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में इन दिनों सियासी हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस पार्टी राज्य में नेतृत्व को लेकर अहम निर्णय की तैयारी में है और किसी भी वक्त पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की जा सकती है। ये पर्यवेक्षक कांग्रेस विधायक दल (सीएलपी) की बैठक आयोजित कर मुख्यमंत्री के चयन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाएंगे।
सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस आलाकमान इस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और जल्द ही औपचारिक कदम उठाए जा सकते हैं। सीएलपी की बैठक में विधायकों की राय लेकर मुख्यमंत्री के नाम पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी।
मुख्यमंत्री पद की दौड़ में फिलहाल तीन प्रमुख नेताओं के नाम सबसे आगे बताए जा रहे हैं। इनमें वरिष्ठ नेता केसी वेणुगोपाल, विपक्ष के नेता वी. डी. सतीशन और अनुभवी नेता रमेश चेन्निथला शामिल हैं। इन तीनों नेताओं के बीच नेतृत्व को लेकर कड़ा मुकाबला माना जा रहा है।
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि कांग्रेस के लिए यह निर्णय बेहद महत्वपूर्ण होगा, क्योंकि राज्य में पार्टी की आगामी रणनीति और संगठनात्मक मजबूती इसी पर निर्भर करेगी। ऐसे में आलाकमान संतुलित और सर्वसम्मति वाला फैसला लेने की कोशिश में है।
पार्टी के अंदरूनी सूत्रों के मुताबिक, विधायकों की राय और संगठनात्मक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा। साथ ही क्षेत्रीय और सामाजिक संतुलन भी इस चयन प्रक्रिया में अहम भूमिका निभा सकता है।
तिरुवनंतपुरम में लगातार हो रही बैठकों और नेताओं के बीच चल रही चर्चाओं से यह साफ है कि कांग्रेस इस बार किसी भी तरह की जल्दबाजी से बचते हुए सोच-समझकर कदम उठाना चाहती है।
फिलहाल सभी की नजरें कांग्रेस हाईकमान के अगले कदम पर टिकी हैं। जैसे ही पर्यवेक्षकों की नियुक्ति और सीएलपी बैठक की तारीख तय होगी, मुख्यमंत्री पद की तस्वीर और स्पष्ट हो जाएगी।

