जम्मू-कश्मीर की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी तेज हो गई है। Sajad Gani Lone ने पीडीपी और नेशनल कॉन्फ्रेंस पर बड़ा हमला बोलते हुए दोनों दलों को भाजपा की “बी-टीम” करार दिया है। उनके इस बयान के बाद प्रदेश की सियासत में हलचल बढ़ गई है।
पीपुल्स कॉन्फ्रेंस नेता सज्जाद गनी लोन ने आरोप लगाया कि People's Democratic Party और Jammu & Kashmir National Conference ने पिछले साल हुए राज्यसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को फायदा पहुंचाया था। उन्होंने दावा किया कि दोनों पार्टियों ने अप्रत्यक्ष रूप से भाजपा को एक सीट जिताने में मदद की और बाद में जनता के सामने खुद को भाजपा विरोधी बताने की कोशिश की।
सज्जाद लोन ने कहा कि जम्मू-कश्मीर की जनता को लंबे समय से गुमराह किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक मंचों पर भाजपा के खिलाफ बयान देने वाली पार्टियां पर्दे के पीछे अलग राजनीति करती हैं। उनके मुताबिक राज्यसभा चुनाव के दौरान हुई राजनीतिक गतिविधियों ने यह साफ कर दिया कि कुछ दल केवल जनता के सामने अलग चेहरा दिखाते हैं।
लोन ने यह भी कहा कि प्रदेश की राजनीति में पारदर्शिता की जरूरत है और जनता को यह जानने का अधिकार है कि कौन सी पार्टी वास्तव में किसके साथ खड़ी है। उन्होंने दावा किया कि चुनावों के दौरान कई राजनीतिक दलों ने अपने फायदे के लिए समझौते किए।
हालांकि सज्जाद लोन के आरोपों पर अब तक पीडीपी और नेशनल कॉन्फ्रेंस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। लेकिन राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आने वाले दिनों में यह बयान जम्मू-कश्मीर की राजनीति में नई बहस छेड़ सकता है।
विश्लेषकों के मुताबिक जम्मू-कश्मीर में आगामी राजनीतिक समीकरणों और चुनावी रणनीतियों को लेकर दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार तेज हो रहा है। ऐसे में नेताओं के बयान राजनीतिक माहौल को और गर्मा रहे हैं।
गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ वर्षों से राजनीतिक गठबंधनों और दलों की रणनीतियों को लेकर लगातार चर्चाएं होती रही हैं। राज्यसभा चुनाव के दौरान भी कई दलों की भूमिका पर सवाल उठे थे। अब सज्जाद लोन के ताजा बयान ने उन चर्चाओं को फिर से हवा दे दी है।
फिलहाल प्रदेश की राजनीति में इस बयान के बाद माहौल गरमा गया है। राजनीतिक पर्यवेक्षकों की नजर अब इस बात पर टिकी है कि पीडीपी और नेशनल कॉन्फ्रेंस इस आरोप पर क्या जवाब देती हैं और आने वाले समय में यह मुद्दा किस तरह राजनीतिक रूप लेता है।

