36 साल बाद सरला भट्ट हत्याकांड में बड़ा खुलाशा, वीडियो में जाने यासीन मलिक समेत 5 पर चार्जशीट, SIA ने कोर्ट में पेश किए 737 पन्नों के दस्तावेज
करीब 36 साल पुराने चर्चित सरला भट्ट अपहरण और हत्या मामले में जम्मू-कश्मीर की स्टेट इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (SIA) ने जांच में महत्वपूर्ण प्रगति करते हुए अदालत में विस्तृत चार्जशीट दाखिल की है। 737 पन्नों की इस चार्जशीट में जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (JKLF) के तत्कालीन चीफ कमांडर यासीन मलिक सहित पांच लोगों के नाम शामिल किए गए हैं। चार्जशीट के अनुसार, यासीन मलिक और उसके साथियों पर सरला भट्ट के अपहरण और हत्या की साजिश रचने का आरोप है। जांच एजेंसी का दावा है कि उपलब्ध साक्ष्यों और जांच के आधार पर इन आरोपियों की भूमिका सामने आई है।
जांच में मुख्य शूटर के रूप में खुर्शीद अहमद चालको का नाम भी सामने आया है। एजेंसी के मुताबिक, सरला भट्ट को गोली उसी ने मारी थी। वर्तमान में वह फरार है और उसके पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में छिपे होने की आशंका जताई जा रही है। उसकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।चार्जशीट में शामिल अन्य तीन आरोपी—अब्दुल हमीद शेख, मोहम्मद यूसुफ सोफी उर्फ इदरीस और गुलाम मोहम्मद टपलू—की मृत्यु हो चुकी है। इसके बावजूद एजेंसी ने मामले की पूरी साजिश और आरोपियों की कथित भूमिका का उल्लेख चार्जशीट में किया है।
यासीन मलिक फिलहाल एक अलग मामले में दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद है। उसे आतंकी फंडिंग से जुड़े मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई जा चुकी है। सरला भट्ट हत्याकांड की चार्जशीट अब इस पुराने मामले में कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने का आधार बनेगी।स्टेट इन्वेस्टिगेशन एजेंसी का कहना है कि लंबे समय तक चली जांच, उपलब्ध दस्तावेजों, गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर यह चार्जशीट तैयार की गई है। अब अदालत इस मामले में आगे की सुनवाई करेगी और आरोपों पर कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
सरला भट्ट हत्याकांड कश्मीरी पंडित समुदाय से जुड़े उन चर्चित मामलों में शामिल है, जो लंबे समय से न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा रहे हैं। 36 साल बाद चार्जशीट दाखिल होने को इस मामले में एक महत्वपूर्ण कानूनी कदम माना जा रहा है। अब सभी की नजर अदालत की आगामी कार्यवाही और इस मामले में आगे होने वाले फैसलों पर टिकी है।

