हिमाचल में बारिश और ओलावृष्टि का कहर: एक्सक्लूसिव फुटेज में देंखे सेब की फसल को नुकसान, कई जिलों में तापमान में गिरावट
हिमाचल प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। शनिवार को मंडी और शिमला जिलों के कई क्षेत्रों में बारिश के साथ भारी ओलावृष्टि दर्ज की गई, जिससे बागवानों की चिंता बढ़ गई है। विशेष रूप से सेब उत्पादक क्षेत्रों में ओलों ने फसलों को नुकसान पहुंचाया है। वहीं राज्य के कई हिस्सों में हुई बारिश के कारण तापमान में भी उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है।
करसोग और रोहड़ू में भारी ओलावृष्टि
मंडी जिले के करसोग क्षेत्र के डींग और कथेड़ गांवों में बारिश के साथ भारी ओलावृष्टि हुई। इसी तरह शिमला जिले के रोहड़ू क्षेत्र के शरोंथा इलाके में भी बड़े आकार के ओले गिरे। ओलावृष्टि का सबसे अधिक असर सेब के बागानों पर पड़ा है। स्थानीय बागवानों के अनुसार, पेड़ों पर लगी सेब की फसल को नुकसान पहुंचा है। कई स्थानों पर फलों पर चोट के निशान पड़ गए हैं, जिससे उत्पादन और गुणवत्ता दोनों प्रभावित होने की आशंका है।
एंटी हेल नेट भी हुए क्षतिग्रस्त
बागवानों ने सेब की फसल को ओलावृष्टि से बचाने के लिए एंटी हेल नेट लगाए हुए थे, लेकिन तेज ओलावृष्टि के कारण कई स्थानों पर ये सुरक्षा जाल भी क्षतिग्रस्त हो गए। इससे किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है, क्योंकि फसल के साथ-साथ सुरक्षा उपकरणों को भी नुकसान पहुंचा है।बागवानी विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मौसम का यही रुख बना रहा तो सेब उत्पादन पर असर पड़ सकता है।
सिरमौर में रातभर हुई अच्छी बारिश
वहीं शुक्रवार रात सिरमौर जिले के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार नाहन में सबसे अधिक 14.2 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा पांवटा साहिब में 6.4 मिलीमीटर, धौलाकुआं में 3.5 मिलीमीटर, कुकुमसेरी में 2.1 मिलीमीटर और केलांग में 2 मिलीमीटर बारिश हुई।बारिश के चलते क्षेत्र में मौसम सुहावना हो गया और लोगों को गर्मी से राहत मिली।
तापमान में आई गिरावट
बारिश के प्रभाव से नाहन के न्यूनतम तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। यहां तापमान सामान्य से करीब 5 डिग्री सेल्सियस नीचे पहुंचकर 18.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम में आई इस ठंडक से लोगों को राहत मिली है, हालांकि किसानों और बागवानों की चिंताएं बढ़ गई हैं।
कई जिलों में छाए हल्के बादल
राजधानी शिमला, मनाली, मंडी, कांगड़ा समेत राज्य के अधिकांश क्षेत्रों में आसमान में हल्के बादल छाए हुए हैं। मौसम विभाग के अनुसार आगामी दिनों में भी कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।विशेषज्ञों ने किसानों और बागवानों को मौसम के ताजा अपडेट पर नजर रखने तथा फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने की सलाह दी है। फिलहाल हिमाचल प्रदेश में मौसम का बदला हुआ मिजाज लोगों को गर्मी से राहत तो दे रहा है, लेकिन बागवानी क्षेत्र के लिए नई चुनौतियां भी खड़ी कर रहा है।

