यमुनानगर से दिल दहला देने वाली वारदात: इंग्लैंड भेजे गए बेटे ने मां की ही कर दी हत्या
हरियाणा के यमुनानगर से सामने आई एक सनसनीखेज घटना ने रिश्तों की पवित्रता और मां की ममता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह मामला किसी फिल्मी थ्रिलर से कम नहीं है, लेकिन इसकी हकीकत इतनी भयावह है कि सुनकर रूह कांप उठती है। जिस बेटे को उसकी मां ने बड़े अरमानों के साथ बेहतर भविष्य की उम्मीद में सात समंदर पार इंग्लैंड भेजा था, वही बेटा बाद में अपनी ही मां की हत्या का आरोपी बन गया।
जानकारी के मुताबिक, मृतका ने अपनी जिंदगी की जमा-पूंजी और जमीन तक बेचकर बेटे को विदेश भेजा था, ताकि वह वहां पढ़-लिखकर कुछ बन सके और परिवार का नाम रोशन करे। मां-बेटे के बीच कभी गहरा रिश्ता हुआ करता था। मां ने न सिर्फ बेटे की पढ़ाई बल्कि उसके रहने, खाने और विदेश में सेटल होने तक की पूरी जिम्मेदारी निभाई। लेकिन वक्त के साथ हालात बदले और रिश्तों में दरार पड़ती चली गई।
बताया जा रहा है कि बेटा हाल ही में इंग्लैंड से भारत लौटा था। उसके लौटते ही घर में अक्सर विवाद होने लगे। पड़ोसियों के अनुसार, मां और बेटे के बीच पैसों और संपत्ति को लेकर झगड़े होते थे। मां चाहती थी कि बेटा जिम्मेदारी संभाले और परिवार के साथ रहे, जबकि बेटा अपनी अलग जिंदगी और फैसलों को लेकर अड़ा हुआ था। इन विवादों ने धीरे-धीरे खतरनाक रूप ले लिया।
घटना वाले दिन भी घर में किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। इसी दौरान गुस्से में आकर बेटे ने ऐसा कदम उठा लिया, जिसने पूरे इलाके को सन्न कर दिया। आरोप है कि उसने अपनी ही मां पर हमला कर दिया, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी बेटे ने भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया।
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में यह मामला घरेलू विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है, लेकिन सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है। आरोपी बेटे से पूछताछ जारी है और हत्या के पीछे की असली वजह जानने की कोशिश की जा रही है।
इस घटना ने न सिर्फ यमुनानगर बल्कि पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। लोग यह सोचने पर मजबूर हैं कि जिस मां ने बेटे के लिए अपना सब कुछ न्योछावर कर दिया, उसी मां की जान उसका बेटा कैसे ले सकता है। समाज में बढ़ती पारिवारिक कलह, लालच और संवेदनहीनता पर भी यह घटना गंभीर सवाल खड़े करती है।

