हॉर्मुज स्ट्रेट में फायरिंग के बीच बड़ा हादसा, वीडियो में देंखे गुजरात का मालवाहक जहाज डूबा; एक भारतीय क्रू की मौत
बीती रात हॉर्मुज स्ट्रेट में ईरान और अमेरिका की नौसेनाओं के बीच हुई कथित फायरिंग के दौरान एक बड़ा समुद्री हादसा सामने आया है। इस घटना की चपेट में गुजरात के द्वारका जिले के सलाया से संबंधित एक मालवाहक जहाज आ गया, जिससे वह डूब गया। हादसे में जहाज पर सवार एक भारतीय क्रू सदस्य की मौत हो गई, जबकि बाकी सभी 17 क्रू सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया गया।प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह मालवाहक जहाज MSV AL फैज नूरे सुलेमानी-I दुबई से कार्गो लेकर यमन के मुकाला बंदरगाह की ओर जा रहा था। जहाज पर कुल 18 लोग सवार थे, जिनमें एक गनमैन भी शामिल था। जहाज का संचालन सामान्य स्थिति में चल रहा था, तभी हॉर्मुज स्ट्रेट क्षेत्र में अचानक तनावपूर्ण हालात पैदा हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों और प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, ईरान और अमेरिकी नौसेना के बीच चल रही गतिविधियों के दौरान हुई फायरिंग के बीच यह जहाज प्रभावित हुआ। बताया जा रहा है कि गोलीबारी और विस्फोट जैसी स्थिति में जहाज का संतुलन बिगड़ गया और वह समुद्र में डूब गया।इस हादसे में जहाज के इंजन रूम में काम कर रहे भारतीय क्रू सदस्य अल्ताफ तालब केर की मौके पर ही मौत हो गई। अल्ताफ गुजरात के रहने वाले थे और लंबे समय से समुद्री व्यापार से जुड़े हुए थे। उनके निधन की खबर से परिवार और स्थानीय क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है।
वहीं, जहाज पर मौजूद अन्य 17 क्रू सदस्यों को समय रहते रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया। बचाए गए लोगों से पूछताछ की जा रही है ताकि घटना की वास्तविक परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।समुद्री सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, हॉर्मुज स्ट्रेट पहले से ही दुनिया के सबसे संवेदनशील समुद्री मार्गों में से एक माना जाता है, जहां अंतरराष्ट्रीय तनाव के चलते अक्सर व्यापारिक जहाजों को जोखिम का सामना करना पड़ता है। इस घटना ने एक बार फिर इस क्षेत्र की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।भारत सरकार की ओर से भी मामले पर नजर रखी जा रही है और संबंधित एजेंसियों के साथ संपर्क स्थापित किया गया है। मृतक के पार्थिव शरीर को भारत लाने की प्रक्रिया पर भी विचार किया जा रहा है। फिलहाल, अंतरराष्ट्रीय समुद्री एजेंसियां और संबंधित देश इस पूरे मामले की जांच में जुटे हुए हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि यह हादसा किस परिस्थितियों में हुआ और इसके पीछे वास्तविक कारण क्या थे।

