आश्रम से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे जाने में जाम का झाम, सराय काले खां पर थम जाती है वाहनों की रफ्तार
नई दिल्ली में आश्रम से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाले वाहन चालकों को इन दिनों जाम की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। एक्सप्रेसवे तक पहुंचने के लिए वाहनों को सराय काले खां की ओर से होकर गुजरना पड़ता है। जैसे ही वाहन इस मार्ग पर पहुंचते हैं, उनकी रफ्तार धीमी पड़ने लगती है और व्यस्त समय में स्थिति और गंभीर हो जाती है। रविवार को भी इस रास्ते पर वाहनों की लंबी कतारें देखने को मिलीं।
आश्रम और सराय काले खां के बीच यातायात का दबाव पहले से ही अधिक रहता है। दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाले वाहनों की संख्या बढ़ने से इस मार्ग पर दबाव और बढ़ गया है। खासकर सुबह और शाम के व्यस्त समय में वाहन चालकों को काफी देर तक जाम में फंसे रहना पड़ता है।
रविवार को भी लगी लंबी कतार
रविवार को आमतौर पर कई प्रमुख मार्गों पर यातायात का दबाव कम रहता है, लेकिन सराय काले खां की ओर जाने वाले मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार नजर आई। बड़ी संख्या में कारें और अन्य वाहन धीमी गति से आगे बढ़ते दिखाई दिए।
जाम के कारण वाहन चालकों को कुछ किलोमीटर की दूरी तय करने में भी अपेक्षा से अधिक समय लग रहा है। एक्सप्रेसवे तक पहुंचने की जल्दी में निकलने वाले वाहन चालक भी इस मार्ग पर यातायात में फंस जाते हैं।
पीक आवर में बढ़ जाती है परेशानी
व्यस्त समय में इस मार्ग पर स्थिति और खराब हो जाती है। सुबह दफ्तर जाने के समय और शाम को वापस लौटने के दौरान बड़ी संख्या में वाहन सड़क पर होते हैं। इसके अलावा दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाले वाहनों का दबाव भी यातायात व्यवस्था को प्रभावित करता है।
जाम के दौरान वाहनों की गति बेहद धीमी हो जाती है। कई बार वाहन चालकों को लंबे समय तक एक ही जगह खड़े रहना पड़ता है। इससे यात्रियों का समय तो बर्बाद होता ही है, साथ ही ईंधन की खपत भी बढ़ती है।
समय और ईंधन दोनों की बर्बादी
यातायात विशेषज्ञों के मुताबिक, लगातार धीमी गति से चलने या जाम में वाहन खड़ा रहने से ईंधन की खपत बढ़ जाती है। ऐसे में रोजाना इस मार्ग का इस्तेमाल करने वाले लोगों पर इसका सीधा असर पड़ता है।
जो लोग दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के जरिए लंबी दूरी की यात्रा करना चाहते हैं, उनके लिए एक्सप्रेसवे तक पहुंचने से पहले ही जाम में फंसना परेशानी का कारण बन रहा है। एक्सप्रेसवे का उद्देश्य तेज और सुगम सफर उपलब्ध कराना है, लेकिन शुरुआती संपर्क मार्ग पर जाम होने से यात्रा का फायदा कम हो जाता है।
यातायात व्यवस्था सुधारने की जरूरत
स्थानीय लोगों और नियमित वाहन चालकों का कहना है कि इस मार्ग पर यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने की जरूरत है। खासकर पीक आवर में ट्रैफिक पुलिस की अतिरिक्त तैनाती, लेन व्यवस्था और वाहनों के सुचारु संचालन के लिए प्रभावी कदम उठाए जाने की जरूरत महसूस की जा रही है।
दिल्ली में लगातार बढ़ते वाहनों के दबाव को देखते हुए प्रमुख एक्सप्रेसवे और उनसे जुड़े संपर्क मार्गों की यातायात व्यवस्था पर विशेष ध्यान देना जरूरी है। यदि सराय काले खां और आसपास के मार्गों पर जाम की समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकाला गया तो आने वाले समय में यातायात का दबाव और बढ़ सकता है।
फिलहाल रविवार को भी लंबी कतारों ने यह संकेत दिया कि समस्या केवल व्यस्त दिनों तक सीमित नहीं है। आश्रम से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे जाने वाले यात्रियों के लिए सराय काले खां मार्ग पर सुगम यातायात सुनिश्चित करना बड़ी चुनौती बना हुआ है।

