तिलक नगर थप्पड़ कांड पर प्रवेश वर्मा का केजरीवाल को पलटवार, बोले- 'आपको मैं याद हूं ना?'
दिल्ली के तिलक नगर में सड़क निरीक्षण के दौरान युवक को थप्पड़ मारने के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। आम आदमी पार्टी लगातार दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश वर्मा और बीजेपी पर निशाना साध रही है। वहीं, आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की ओर से प्रवेश वर्मा की गिरफ्तारी और बर्खास्तगी की मांग किए जाने के बाद अब वर्मा ने पलटवार किया है।
प्रवेश वर्मा ने एक वीडियो जारी कर आम आदमी पार्टी और अरविंद केजरीवाल पर कई सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि तिलक नगर में सड़क निरीक्षण के दौरान आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने सरकारी अधिकारियों के साथ अभद्रता की और काम में बाधा डालने की कोशिश की। वर्मा का कहना है कि वह सरकारी काम में किसी तरह की रुकावट बर्दाश्त नहीं करेंगे।
वर्मा ने केजरीवाल पर पलटवार करते हुए पंजाब में हुई घटनाओं का भी जिक्र किया और उनसे सवाल किया कि जब आम आदमी पार्टी से जुड़े लोगों पर सरकारी कर्मचारियों के साथ मारपीट के आरोप लगते हैं, तब उनका रुख क्या होता है। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी के नेताओं को अपने कार्यकर्ताओं की गतिविधियों पर भी ध्यान देना चाहिए।
सड़क की गुणवत्ता को लेकर शुरू हुआ था विवाद
दरअसल, तिलक नगर में नई बनी सड़क की गुणवत्ता को लेकर विवाद शुरू हुआ था। आम आदमी पार्टी के विधायक जरनैल सिंह और उनके साथ मौजूद लोगों ने सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठाए थे। इसी दौरान एक युवक द्वारा घटना का वीडियो बनाए जाने और प्रवेश वर्मा द्वारा उसे थप्पड़ मारने का वीडियो सामने आया। इसके बाद आम आदमी पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर बीजेपी सरकार को घेरना शुरू कर दिया।
अरविंद केजरीवाल भी सोमवार को तिलक नगर पहुंचे थे। उन्होंने सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए प्रवेश वर्मा की बर्खास्तगी और गिरफ्तारी की मांग की थी। केजरीवाल ने सड़क निर्माण में कथित भ्रष्टाचार की जांच की मांग भी की।
वहीं, प्रवेश वर्मा ने अपने बचाव में आरोप लगाया है कि मौके पर मौजूद लोगों ने उनके परिवार के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया था और सरकारी काम में बाधा डाली थी। पुलिस ने भी इस मामले में प्रवेश वर्मा के खिलाफ गैर-संज्ञेय रिपोर्ट दर्ज की है।
अब इस पूरे मामले को लेकर आम आदमी पार्टी और बीजेपी के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। सड़क की गुणवत्ता से शुरू हुआ विवाद थप्पड़ कांड और फिर राजनीतिक टकराव में बदल गया है। मामले में पुलिस की कार्रवाई और दोनों पक्षों की शिकायतों के बाद आगे की तस्वीर साफ होने की उम्मीद है।

