दिल्ली में बढ़ता कुत्तों का आतंक, राष्ट्रीय औसत से भी ज्यादा डॉग बाइट के मामले; अध्ययन में सामने आई चौंकाने वाली तस्वीर
राजधानी दिल्ली में आवारा कुत्तों से जुड़ी समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। हर साल कुत्तों के काटने की घटनाओं में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। राष्ट्रीय औसत की तुलना में भी दिल्ली में डॉग बाइट के मामले अधिक सामने आने की बात कही गई है।
एमएमसी और यूसीएमएस की ओर से किए गए एक अध्ययन में दिल्ली में कुत्तों के काटने की घटनाओं को लेकर यह जानकारी सामने आई है। अध्ययन के मुताबिक राजधानी में यह समस्या साल-दर-साल बढ़ती जा रही है, जिससे लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है।
कुत्तों के हमले से बढ़ी चिंता
दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में आवारा कुत्तों के झुंड अक्सर सड़कों, गलियों और सार्वजनिक स्थानों पर दिखाई देते हैं। इनके हमले का सबसे ज्यादा खतरा बच्चों, बुजुर्गों और अकेले आने-जाने वाले लोगों को रहता है। कुत्ते के काटने के बाद लोगों को एंटी-रेबीज वैक्सीन के लिए अस्पतालों का रुख करना पड़ता है।
अध्ययन में सामने आए आंकड़े दिल्ली में कुत्तों के काटने की समस्या की गंभीरता की ओर इशारा करते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, आवारा कुत्तों की संख्या पर नियंत्रण, नसबंदी और टीकाकरण जैसे उपायों को प्रभावी तरीके से लागू करना जरूरी है।
राजधानी में बढ़ते डॉग बाइट मामलों को देखते हुए नगर निकायों के सामने आवारा कुत्तों के प्रबंधन और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की चुनौती बनी हुई है।

