दिल्ली दंगा केस में कोर्ट ने 5 और आरोपियों को ठहराया दोषी, वीडियो में देखें कहा भीड़ के साथ पुलिस पर पथराव किया; अब तक 26 लोगों पर आरोप साबित
दिल्ली दंगा मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने पांच और आरोपियों को दोषी ठहराया है। अदालत ने भजनपुरा पेट्रोल पंप हिंसा से जुड़े मामले में फैसला सुनाते हुए माना कि आरोपियों की भीड़ ने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और उनके साथ हमला किया था। हालांकि, अदालत ने पेट्रोल पंप में आग लगाने के आरोप में सभी पांचों आरोपियों को बरी कर दिया है। मामले में अदालत ने अभी सजा का ऐलान नहीं किया है।
कड़कड़डूमा कोर्ट के एडिशनल सेशंस जज परवीन सिंह ने यह फैसला आरिफ, मोहम्मद खालिद, अब्दुल सत्तार, तनवीर अली और हुनैन के खिलाफ सुनाया। अदालत का यह आदेश 9 सितंबर को आया था, लेकिन मामला अब सामने आया है। दोषी ठहराए गए आरोपियों पर भारतीय दंड संहिता यानी IPC की विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए गए थे।
अदालत ने आरोपियों को IPC की धारा 147, 152, 186 और 353 के तहत दोषी माना है। इन धाराओं को गैरकानूनी सभा से संबंधित IPC की धारा 149 के साथ पढ़ा गया है। इन आरोपों में गैरकानूनी रूप से भीड़ का हिस्सा बनना, सरकारी कर्मचारी के काम में बाधा डालना और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों के साथ हमला या बल प्रयोग जैसे अपराध शामिल हैं।
भजनपुरा पेट्रोल पंप हिंसा मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से आरोप लगाया गया था कि दंगे के दौरान भीड़ ने इलाके में हिंसा की और पुलिसकर्मियों को निशाना बनाया। अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पांचों आरोपियों को पुलिसकर्मियों पर पथराव और हमले से जुड़े आरोपों में दोषी माना। हालांकि, पेट्रोल पंप में आग लगाने के आरोप को साबित करने के लिए पर्याप्त आधार नहीं मिलने पर अदालत ने इस आरोप से सभी आरोपियों को बरी कर दिया।
इस फैसले के साथ फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा से जुड़े अलग-अलग मामलों में अब तक कुल 26 आरोपियों को अदालतें दोषी ठहरा चुकी हैं। दिल्ली दंगों के दौरान कई इलाकों में हिंसा भड़क गई थी। इस दौरान बड़ी संख्या में संपत्तियों को नुकसान पहुंचा और कई लोग घायल हुए थे।
फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में भड़की हिंसा में कुल 53 लोगों की मौत हुई थी। इसके बाद हिंसा से जुड़े मामलों में दिल्ली पुलिस ने कई आरोपियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए और जांच के बाद अदालतों में आरोपपत्र दाखिल किए। अलग-अलग मामलों की सुनवाई कड़कड़डूमा कोर्ट परिसर में चल रही है।
भजनपुरा पेट्रोल पंप हिंसा मामले में पांच आरोपियों को दोषी ठहराए जाने के बाद अब सभी की सजा पर सुनवाई होनी बाकी है। अदालत आने वाली सुनवाई में यह तय करेगी कि दोषी पाए गए आरोपियों को किस अवधि की सजा दी जाए। वहीं, पेट्रोल पंप में आग लगाने के आरोप से बरी किए जाने के बाद इस मामले में अभियोजन पक्ष के उस आरोप को राहत नहीं मिली है।

