गणतंत्र दिवस से पहले दिल्ली पुलिस की सतर्कता: फर्जी नंबर प्लेट वाली महिला दूतावास कार पकड़ी गई
राजधानी दिल्ली में गणतंत्र दिवस के मद्देनज़र सुरक्षा व्यवस्था को पहले से ही चाक-चौबंद कर दिया गया है। शहर के हर कोने में सुरक्षाकर्मी तैनात हैं ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। ऐसे में शुक्रवार को दिल्ली पुलिस उस समय और चौकन्नी हो गई जब उनके आला अधिकारियों को यह जानकारी मिली कि एक महिला दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट वाली कार का इस्तेमाल कर हाई‑सिक्योरिटी जोन में घूम रही है।
सूचना मिलते ही पुलिस ने तुरंत तत्कालीन कार्रवाई शुरू की। क्राइम ब्रांच की टीम को सूचना मिली कि महिला लगातार अलग-अलग देशों के दूतावास और संवेदनशील क्षेत्रों में गाड़ी से घूम रही है। इसकी वजह से सुरक्षा एजेंसियों में सुरक्षा चिंताएं बढ़ गईं और इसे गंभीर मामला माना गया।
क्राइम ब्रांच की टीम ने घटना स्थल पर पहुंचकर सतर्कता और योजना के साथ महिला को गिरफ्तार किया। पूछताछ में सामने आया कि महिला ने सुरक्षा नियमों और संवेदनशील क्षेत्रों की अनदेखी की, जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सीधा खतरा साबित हो सकता था।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि फर्जी नंबर प्लेट और दूतावास का नाम देकर किसी संवेदनशील क्षेत्र में प्रवेश करना कानून के खिलाफ है, और इसे गंभीरता से लिया गया। महिला की पहचान और उसके इरादों की जांच जारी है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि क्या इसके पीछे किसी बड़े नेटवर्क या अपराधी समूह की संलिप्तता थी।
विशेषज्ञों का कहना है कि गणतंत्र दिवस जैसे बड़े राष्ट्रीय पर्व के समय सुरक्षा उल्लंघन बेहद संवेदनशील माना जाता है। इसलिए दिल्ली पुलिस ने पूरे शहर में अतिरिक्त सतर्कता बरती हुई है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां विदेशी दूतावास, सरकारी कार्यालय और महत्वपूर्ण स्थलों की सुरक्षा उच्च स्तर की होती है।
स्थानीय अधिकारियों ने नागरिकों से भी अपील की है कि संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस को दें। साथ ही उन्होंने कहा कि इस तरह की सतर्कता से ही किसी भी संभावित खतरे को समय रहते टाला जा सकता है।
कुल मिलाकर, गणतंत्र दिवस से पहले यह घटना यह दिखाती है कि दिल्ली पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था कितनी कड़ी और चुस्त है। फर्जी नंबर प्लेट वाली कार और महिला के संदिग्ध कृत्यों को पकड़कर सुरक्षा एजेंसियों ने स्पष्ट संदेश दे दिया है कि राजधानी में राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता नहीं होने दिया जाएगा।
इस गिरफ्तारी ने न केवल सुरक्षा एजेंसियों की दक्षता को उजागर किया है, बल्कि यह भी याद दिलाया कि बड़े राष्ट्रीय आयोजनों के समय सतर्क रहना हर नागरिक और सुरक्षा बल की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

