दिल्ली बीजेपी में घमासान: मुंडका विधायक गजेंद्र दराल और मंडल अध्यक्ष सुनील कुमार विवाद पर अनुशासन समिति ने मांगा स्पष्टीकरण
दिल्ली भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में मुंडका विधायक गजेंद्र दराल और कंझावला मंडल अध्यक्ष सुनील कुमार के बीच चल रहा विवाद अब पार्टी की अनुशासन समिति तक पहुंच गया है। मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए सामने आई घटना का संज्ञान लेते हुए दिल्ली प्रदेश बीजेपी ने दोनों नेताओं से स्पष्टीकरण मांगा है।
प्रदेश भाजपा की ओर से जारी निर्देश के मुताबिक, दोनों नेताओं को 16 सितंबर को दोपहर 3 बजे प्रदेश अनुशासन समिति के सामने पेश होकर अपना पक्ष रखने को कहा गया है। पार्टी ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पूरे घटनाक्रम पर जवाब मांगा है।
जानकारी के अनुसार, मुंडका विधानसभा क्षेत्र के विधायक गजेंद्र दराल और कंझावला मंडल अध्यक्ष सुनील कुमार के बीच किसी मुद्दे को लेकर विवाद सामने आया था। इस घटना से जुड़े वीडियो और जानकारी सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पार्टी नेतृत्व ने मामले का संज्ञान लिया।
बीजेपी में अनुशासन को काफी महत्व दिया जाता है और पार्टी के अंदरूनी मामलों को लेकर सार्वजनिक विवाद से संगठन की छवि प्रभावित होने की आशंका रहती है। इसी को देखते हुए दिल्ली प्रदेश भाजपा ने दोनों नेताओं को अनुशासन समिति के सामने अपनी बात रखने का मौका दिया है।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, समिति दोनों पक्षों के बयान सुनने के बाद आगे की कार्रवाई पर फैसला ले सकती है। फिलहाल बीजेपी ने किसी नेता के खिलाफ कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया है। दोनों नेताओं से मांगे गए स्पष्टीकरण और उनके जवाब के आधार पर ही अगला कदम उठाया जाएगा।
मुंडका विधायक गजेंद्र दराल दिल्ली बीजेपी के प्रमुख नेताओं में शामिल हैं, जबकि सुनील कुमार संगठन में मंडल स्तर की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। ऐसे में दोनों नेताओं के बीच विवाद सामने आने के बाद पार्टी संगठन ने इसे गंभीरता से लिया है।
वहीं, इस मामले को लेकर दोनों नेताओं की ओर से अभी तक कोई विस्तृत सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अब सभी की नजरें 16 सितंबर को होने वाली अनुशासन समिति की बैठक पर टिकी हैं, जहां दोनों नेता अपना पक्ष रखेंगे।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बीजेपी आगामी समय में संगठन को मजबूत रखने और कार्यकर्ताओं के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने के लिए ऐसे मामलों में सख्त रुख अपना सकती है।

