राजधानी के पालम क्षेत्र में एक बिल्डिंग में भीषण आग लगने से 9 लोगों की मौत हो गई और कई लोग झुलस गए। हादसा इतना गंभीर था कि इलाके में अफरा-तफरी मच गई और फायर ब्रिगेड एवं पुलिस को तुरंत मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, आग राजेंद्र कश्यप की बिल्डिंग में लगी थी। इस बिल्डिंग में ब्यूटी पार्लर समेत अन्य व्यवसाय संचालित हो रहे थे, जबकि ऊपरी मंजिल पर कश्यप का परिवार रहता था। आग लगते ही वहां मौजूद लोग अचानक घबराए और बाहर निकलने लगे, लेकिन ऊपरी मंजिल पर रहने वाले कुछ लोग फंसे रह गए।
फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाने और फंसे लोगों को बचाने का काम शुरू किया। घायल लोगों को तुरंत निकटतम अस्पतालों में भर्ती कराया गया। पुलिस ने इलाके को घेर लिया और आग के फैलने से बचाव किया। स्थानीय लोगों का कहना है कि आग इतनी तेज थी कि पड़ोस के लोग भी खिड़कियों से कूदकर या बालकनी से सुरक्षित जगह पहुंचे। प्रशासन ने कहा कि शुरुआती जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि आग किस वजह से लगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की घटना शहरी क्षेत्रों में जर्जर बिजली वायरिंग, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और सुरक्षा नियमों की अनदेखी के कारण होती है। उन्होंने सभी भवनों में आग सुरक्षा उपायों और फायर अलार्म सिस्टम की आवश्यकता पर जोर दिया। मृतकों में अधिकांश परिवार के सदस्य और बिल्डिंग में रहने वाले लोग थे। प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को मुआवजा और तत्काल राहत देने की घोषणा की है। साथ ही, पुलिस और अग्निशमन विभाग ने कहा है कि हादसे की पूरी जांच की जाएगी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना राजधानी में सुरक्षा और भवन नियमों के पालन की आवश्यकता को फिर से उजागर करती है। विशेषज्ञों का कहना है कि सभी व्यवसायिक और आवासीय भवनों में नियमित सुरक्षा निरीक्षण और फायर सेफ्टी उपकरण रखना अनिवार्य होना चाहिए। पालम इलाके के लोगों का कहना है कि इस हादसे ने उनके इलाके में सुरक्षा के प्रति चिंता बढ़ा दी है। प्रशासन ने इलाके में सतर्कता बढ़ाने और आग से बचाव के उपाय लागू करने की बात कही है।

