बिहार में बाढ़ का संकट लगातार गहराता जा रहा है। पटना जिले में बहने वाली पुनपुन नदी का जलस्तर 24 घंटे में 9 सेंटीमीटर बढ़ गया है। नदी का पानी खतरे के निशान के ऊपर बह रहा है, जिससे आसपास के इलाकों में चिंता बढ़ गई है। पटना के श्रीपालपुर में पुनपुन नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 2.95 मीटर ऊपर पहुंच गया है। इसके अलावा दरधा और महतमाईन नदी भी उफान पर हैं, जिससे कई क्षेत्रों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।
तटबंधों पर मंडराया खतरा
नदियों के बढ़ते जलस्तर के बीच पानी को रोकने के लिए बनाए गए जमींदारी और लघु तटबंधों को भी नुकसान पहुंचा है। कई जगहों पर तटबंध क्षतिग्रस्त होने की सूचना है, जिससे आसपास के गांवों में पानी फैलने का खतरा बना हुआ है।प्रशासन की टीमें प्रभावित क्षेत्रों पर नजर बनाए हुए हैं और क्षतिग्रस्त तटबंधों की स्थिति का जायजा लिया जा रहा है।
ग्रामीण इलाकों में बढ़ी परेशानी
नदियों के उफान पर आने से किनारे बसे गांवों के लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। खेतों में पानी भरने से फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका है। वहीं, निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी जा रही है।
प्रशासन अलर्ट मोड पर
बाढ़ की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है। जल संसाधन विभाग और स्थानीय अधिकारियों की टीमें तटबंधों की लगातार जांच कर रही हैं।अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर राहत एवं बचाव कार्य शुरू किए जाएंगे।
बारिश के कारण बढ़ा नदियों का दबाव
लगातार बारिश और आसपास के क्षेत्रों से आ रहे पानी के कारण बिहार की कई नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। पुनपुन, दरधा और महतमाईन जैसी नदियों में बढ़ते पानी ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है।फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता तटबंधों को सुरक्षित रखना और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को सहायता पहुंचाना है।

