बिहार सरकार ने सरकारी कर्मचारियों को होली से पहले वेतन जारी करने का ऐलान किया
बिहार के वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने बिहार विधान परिषद में आज घोषणा की है कि राज्य सरकार इस बार फरवरी माह का वेतन सभी सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के खातों में “होली” त्योहार से पहले ही जमा कर देगी। यह घोषणा बजट सत्र के दौरान की गई, जिससे राज्य के लाखों कर्मचारियों को त्योहार से पहले राहत मिल सकेगी।
वित्त मंत्री ने सदन में कहा कि हालांकि कुछ विपक्षी नेताओं ने यह आरोप लगाया था कि सरकार के पास खज़ाना खाली है और वेतन समय पर देना मुश्किल होगा, लेकिन यह पूरी तरह बेबुनियाद है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की वित्तीय स्थिति मजबूत और संतुलित है, इसलिए कर्मचारियों का वेतन समय से पहले जारी किया जा रहा है।
🧾 क्या कहा गया?
• वित्त मंत्री ने कहा कि फरवरी का वेतन होली से पहले ही कर्मचारियों के बैंक खातों में ट्रांसफर कर दिया जाएगा, ताकि वे त्योहार को खुशी‑खुशी मना सकें।
• उन्होंने विपक्ष पर चुटकी लेते हुए कहा कि “अगर वे चाहें तो हम कोशिश करेंगे कि विरोधी दल के विधायकों का वेतन न मिले।” इस टिप्पणी पर सदन में हँसी और हल्का‑फुल्का माहौल भी बन गया।
• विपक्षी नेताओं ने कुछ वित्तीय दबावों और “खजाना खाली होने” के सवाल उठाए थे, लेकिन मंत्री ने उन्होंने कहा कि राज्य को केंद्र से पर्याप्त धन और योजनाओं के तहत सहायता मिल रही है।
📊 कितने कर्मचारी लाभान्वित होंगे?
बिहार में सरकारी क्षेत्र में लगभग 7.5 लाख नियमित कर्मचारी हैं, इसके अलावा लगभग 5.85 लाख शिक्षक‑प्रधानाध्यापक समूह भी वेतन पाने वाले हैं। इन सभी को होली से पहले ही फरवरी माह का वेतन मिल जाएगा।
🎉 त्योहार में राहत
होली का त्योहार इस वर्ष 4 मार्च को पड़ रहा है, और इस घोषणा से सरकारी कर्मचारियों को त्योहार से पहले आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद बढ़ी है। त्योहारों पर सैलरी और पेंशन समय से पहले मिलने पर कर्मचारियों की ख़ुशी दोगुनी हो जाती है और परिवारों को खर्च के लिए पर्याप्त समय मिलता है।
🏛️ सरकार का दावा
फाइनेंस मंत्री ने कहा है कि राज्य सरकार के पास पर्याप्त संसाधन हैं और बजट सत्र में पारित किए गए विनियोग विधेयक की अनुमोदन के बाद वेतन अग्रिम रूप से जारी करना संभव हुआ है। उन्होंने यह भी दोहराया कि सरकार वित्तीय रूप से सक्षम है और किसी भी तरह की वित्तीय कठिनाई का दावा गलत है।

