बक्सर के ब्रह्मपुर में जिओ बैग की गुणवत्ता पर उठे सवाल, मुख्य सचिव करेंगे जांच
बिहार के बक्सर जिले के ब्रह्मपुर में बाढ़ और कटाव से बचाव के लिए लगाए जा रहे जिओ बैग की गुणवत्ता और मिट्टी भराई में अनियमितता का मामला सामने आया है। इसको लेकर स्थानीय स्तर पर शिकायतें मिलने के बाद अब मामले की जांच बिहार के मुख्य सचिव करेंगे।
जानकारी के अनुसार, ब्रह्मपुर क्षेत्र में बाढ़ और गंगा के कटाव से सुरक्षा के लिए जिओ बैग लगाए जा रहे हैं। इन जिओ बैग के इस्तेमाल को लेकर स्थानीय लोगों और कुछ अधिकारियों के पास गुणवत्ता संबंधी शिकायतें पहुंची थीं। आरोप लगाया गया कि जिओ बैग में मानक के अनुरूप सामग्री का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है और मिट्टी भराई के काम में भी लापरवाही बरती जा रही है।
शिकायतों के बावजूद समय पर कार्रवाई नहीं होने से मामला अब उच्च स्तर तक पहुंच गया है। इसके बाद बिहार सरकार ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव की निगरानी में जिओ बैग की गुणवत्ता, निर्माण कार्य की प्रक्रिया और संबंधित एजेंसियों की भूमिका की जांच की जाएगी।
बताया जा रहा है कि बाढ़ प्रभावित इलाकों में जिओ बैग का इस्तेमाल कटाव रोकने के लिए किया जाता है। ऐसे में इनकी गुणवत्ता खराब होने से सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित हो सकती है और बाढ़ के समय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बाढ़ सुरक्षा से जुड़े कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बड़ी समस्या पैदा कर सकती है। उन्होंने मांग की है कि जांच के बाद दोषी पाए जाने वाले लोगों और एजेंसियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
वहीं, प्रशासनिक स्तर पर जांच शुरू होने के बाद अब यह पता लगाया जाएगा कि जिओ बैग लगाने के कार्य में तय मानकों का पालन किया गया था या नहीं। साथ ही यह भी जांच की जाएगी कि शिकायतों के बावजूद कार्रवाई में देरी क्यों हुई।
बक्सर के ब्रह्मपुर में जिओ बैग से जुड़े इस मामले ने एक बार फिर बाढ़ सुरक्षा कार्यों की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।

