पटना के मसौढ़ी में पुलिस–लॉरेंस बिश्नोई गैंग की मुठभेड़, कुख्यात अपराधी परमानंद घायल
बिहार की राजधानी पटना के मसौढ़ी इलाके में गुरुवार तड़के पुलिस और कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग के बीच मुठभेड़ हुई। इस दौरान बिहार में गैंग का प्रमुख माने जाने वाला अपराधी परमानंद पुलिस की जवाबी कार्रवाई में घायल हो गया। पैर में गोली लगने के बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार परमानंद पर हत्या, रंगदारी और आर्म्स एक्ट समेत करीब 20 गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मसौढ़ी थाना क्षेत्र में कुख्यात अपराधी परमानंद के छिपे होने की गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद स्थानीय पुलिस और विशेष टीम ने तड़के इलाके की घेराबंदी की। खुद को चारों तरफ से घिरा देख परमानंद ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें परमानंद के पैर में गोली लगी और वह मौके पर ही गिर पड़ा।
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने मौके से हथियार और कारतूस भी बरामद किए हैं। घायल अवस्था में परमानंद को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। सुरक्षा के लिहाज से अस्पताल में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परमानंद लंबे समय से फरार चल रहा था और वह बिहार में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नेटवर्क को संभालने का काम कर रहा था। उस पर कई जिलों में रंगदारी, फायरिंग और हत्या की साजिश जैसे गंभीर आरोप हैं। पुलिस को उम्मीद है कि उसकी गिरफ्तारी से गैंग की गतिविधियों पर बड़ा असर पड़ेगा और कई अहम खुलासे हो सकते हैं।
इस मुठभेड़ को बिहार पुलिस की बड़ी सफलता के तौर पर देखा जा रहा है। हाल के दिनों में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस लगातार सक्रिय कार्रवाई कर रही है। मसौढ़ी एनकाउंटर ने यह साफ संकेत दिया है कि पुलिस संगठित अपराध और गैंगवार के खिलाफ सख्त रुख अपनाए हुए है।
फिलहाल पुलिस पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन चला रही है और यह भी जांच की जा रही है कि परमानंद के साथ उसके अन्य सहयोगी भी मौजूद थे या नहीं। साथ ही, उससे जुड़े मामलों की फाइलें खंगाली जा रही हैं, ताकि गैंग के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जा सके।

