कस्तूरबा आवासीय विद्यालय की छात्रा बनी ‘एक दिन की एसपी’, सुनीं लोगों की समस्याएं
बिहार के बगहा जिले में एक प्रेरणादायक और अनोखी पहल देखने को मिली, जहां कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की छात्रा अमृता को कुछ समय के लिए पुलिस अधीक्षक (एसपी) बनने का अवसर दिया गया। इस दौरान उसने न केवल पुलिस व्यवस्था को करीब से समझा, बल्कि आम लोगों की समस्याएं भी सुनीं।
जानकारी के अनुसार, यह कार्यक्रम छात्राओं में आत्मविश्वास बढ़ाने और प्रशासनिक कार्यप्रणाली से परिचित कराने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। अमृता को एसपी की कुर्सी पर बैठकर जनता की शिकायतें सुनने और उनकी समस्याओं को समझने का मौका दिया गया।
कार्यक्रम के दौरान कई लोग अपनी समस्याएं लेकर सामने आए, जिन्हें छात्रा अमृता ने गंभीरता से सुना और संबंधित पुलिस अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इस दौरान उसने यह भी समझा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना और जनता की शिकायतों का समाधान करना कितना जिम्मेदारी भरा कार्य होता है।
अमृता ने इस अनुभव को बेहद खास बताया और कहा कि यह उनके जीवन का यादगार पल है, जिसने उन्हें प्रशासनिक सेवाओं के प्रति और अधिक प्रेरित किया है। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में वह भी समाज की सेवा के लिए आगे बढ़ना चाहती हैं।
वहीं, उपस्थित अधिकारियों ने इस पहल की सराहना की और कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से छात्राओं में नेतृत्व क्षमता विकसित होती है और वे बड़े सपनों को देखने के लिए प्रेरित होती हैं।
स्थानीय लोगों ने भी इस पहल को सकारात्मक बताया और कहा कि इससे बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे समाज की जिम्मेदारियों को बेहतर तरीके से समझ पाते हैं।
फिलहाल, यह कार्यक्रम क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और इसे शिक्षा व प्रशासन के बीच एक सकारात्मक सेतु के रूप में देखा जा रहा है।

