10 जनवरी से कांग्रेस चलाएगी ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’, केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ गांव-गांव जाएगी पार्टी
कांग्रेस पार्टी 10 जनवरी से केंद्र सरकार की मनरेगा विरोधी नीतियों के खिलाफ राज्यव्यापी अभियान ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ शुरू करेगी। इस अभियान के तहत कांग्रेस कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर लोगों को मनरेगा से जुड़े मुद्दों पर जागरूक करेंगे और सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करेंगे। यह निर्णय बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम की अध्यक्षता में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में लिया गया।
बैठक में अभियान की रूपरेखा तय करते हुए राजेश राम ने कहा कि केंद्र सरकार लगातार मनरेगा को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि नए कानून और नीतियों के जरिए गरीबों के रोजगार के संवैधानिक अधिकार पर सीधा हमला किया जा रहा है। कांग्रेस इसे किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने देगी।
राजेश राम ने कहा कि मनरेगा देश के करोड़ों गरीब, मजदूर और ग्रामीण परिवारों के लिए जीवनरेखा है। यह योजना न केवल रोजगार देती है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्रदान करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार बजट में कटौती, भुगतान में देरी और नए नियमों के जरिए मनरेगा को धीरे-धीरे खत्म करने की दिशा में बढ़ रही है।
उन्होंने कहा, “मनरेगा कोई दया नहीं, बल्कि गरीबों का अधिकार है। इस अधिकार को छीनने की कोशिश कांग्रेस कभी स्वीकार नहीं करेगी। अगर जरूरत पड़ी तो हम सड़कों पर उतरकर बड़ा आंदोलन करेंगे और संसद में भी इस मुद्दे को पूरी मजबूती से उठाएंगे।”
बैठक में तय किया गया कि ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ के तहत कांग्रेस कार्यकर्ता पंचायत स्तर तक जाकर लोगों को यह बताएंगे कि मनरेगा में क्या बदलाव किए जा रहे हैं और इसका सीधा असर उनके रोजगार और आजीविका पर कैसे पड़ेगा। इसके अलावा धरना-प्रदर्शन, पदयात्रा, जनसभाएं और जिला स्तर पर विरोध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि बिहार जैसे राज्य में, जहां बड़ी आबादी ग्रामीण और मजदूर वर्ग से जुड़ी है, मनरेगा को कमजोर करना सामाजिक असमानता को और बढ़ाएगा। पार्टी का दावा है कि केंद्र सरकार की नीतियों से मजदूरों को समय पर मजदूरी नहीं मिल पा रही है, जिससे पलायन भी बढ़ रहा है।
हालांकि बैठक के दौरान कांग्रेस के तीन विधायक अनुपस्थित रहे, जिसे लेकर पार्टी के भीतर हल्की नाराजगी भी देखने को मिली। इस पर राजेश राम ने कहा कि पार्टी अनुशासन सर्वोपरि है और सभी नेताओं को जनता के मुद्दों पर एकजुट होकर लड़ना चाहिए।

