पूर्व मुखिया ने पत्नी की हत्या कर खुद को मारी गोली, एक ही रात में दो जिंदगियों का अंत
बिहार के पश्चिम चंपारण जिले के चौतरवा थाना क्षेत्र अंतर्गत महुअवा डीह टोला में मंगलवार की रात एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। पूर्व मुखिया अरविंद लाल श्रीवास्तव (65 वर्ष) ने पहले अपनी पत्नी आशा देवी (60 वर्ष) को गोली मार दी और फिर खुद को भी गोली मारकर आत्महत्या कर ली। इस दुर्घटना में दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
पारिवारिक कलह या मानसिक तनाव?
घटना की सूचना मिलते ही चौतरवा थाना की पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। प्राथमिक जांच के अनुसार, घटना रात करीब 11 बजे के आसपास की है। गोली चलने की आवाज सुनकर पड़ोसी मौके पर पहुंचे तो घर के एक कमरे में पति-पत्नी का शव पड़ा मिला।
हालांकि घटना का कारण अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया है, लेकिन ग्रामीणों और पुलिस सूत्रों के अनुसार, पारिवारिक कलह या मानसिक तनाव इस भयावह कदम की वजह हो सकती है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।
प्रतिष्ठित व्यक्तित्व के रूप में थे जाने जाते
अरविंद लाल श्रीवास्तव इलाके के पूर्व मुखिया रह चुके थे और समाज में एक प्रतिष्ठित व्यक्ति के तौर पर उनकी पहचान थी। उन्होंने वर्षों तक गांव की सेवा की और सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रहे। आशा देवी भी गांव में एक सम्मानित महिला थीं। ऐसे में उनकी मौत की खबर से गांव में शोक और स्तब्धता का माहौल है।
जांच में जुटी पुलिस, परिजन सदमे में
चौतरवा थाना प्रभारी ने बताया कि "मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया है। घर से हथियार बरामद कर लिया गया है और जांच जारी है।"
वहीं, मृत दंपति के परिजन और करीबी रिश्तेदार इस घटना से बेहद आहत हैं। किसी को भी विश्वास नहीं हो रहा कि ऐसे शांत और सामाजिक व्यक्ति इस तरह का कदम उठा सकते हैं। परिजन और ग्रामीणों से पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के पीछे की वजह साफ हो सके।
ग्रामीणों में गहरा शोक
घटना के बाद महुअवा डीह टोला और आसपास के गांवों में शोक की लहर है। सुबह से ही लोग मृतक दंपति के घर के बाहर जुटे हुए हैं। हर कोई यही जानने की कोशिश कर रहा है कि आखिर ऐसा क्या हुआ जो एक साथ दो जिंदगियां खत्म हो गईं।

