पटना में जलजमाव से निपटने की तैयारी, रातभर ड्रेनेज पंपिंग स्टेशनों पर तैनात रहेंगे इंजीनियर; बुडको ने लागू की निगरानी व्यवस्था
मानसून के दौरान पटना शहर और आसपास के इलाकों में जलजमाव की समस्या से निपटने के लिए बिहार शहरी आधारभूत संरचना विकास निगम लिमिटेड (बुडको) ने विशेष निगरानी व्यवस्था लागू की है। बारिश के समय जलनिकासी व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए शहर के 7 अति संवेदनशील स्थायी ड्रेनेज पंपिंग स्टेशनों पर इंजीनियरों की तैनाती की गई है।
बुडको के निर्देश के अनुसार, इन पंपिंग स्टेशनों पर इंजीनियर रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक मौजूद रहेंगे, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
रात में भी रहेगी जलनिकासी व्यवस्था पर नजर
मानसून के दौरान अक्सर रात के समय तेज बारिश होने पर शहर के कई इलाकों में जलभराव की समस्या सामने आती है। इसे देखते हुए बुडको ने रात की शिफ्ट में तकनीकी टीम को सक्रिय रखने का फैसला लिया है।
तैनात इंजीनियर पंपिंग स्टेशनों की कार्यक्षमता, मोटर और ड्रेनेज सिस्टम की स्थिति पर लगातार नजर रखेंगे। किसी भी खराबी की स्थिति में तत्काल सुधार कार्य कराया जाएगा।
7 संवेदनशील पंपिंग स्टेशनों पर विशेष ध्यान
पटना में जलनिकासी के लिए बनाए गए स्थायी ड्रेनेज पंपिंग स्टेशनों में से 7 को अधिक संवेदनशील माना गया है। इन स्थानों पर बारिश के दौरान पानी निकासी में किसी तरह की बाधा न आए, इसके लिए विशेष निगरानी की जा रही है।
जलजमाव रोकना बड़ी चुनौती
पटना शहर में हर साल मानसून के दौरान कई इलाकों में जलजमाव की समस्या देखने को मिलती है। सड़कों, कॉलोनियों और निचले इलाकों में पानी भरने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
इसी को देखते हुए प्रशासन इस बार पहले से तैयारियों में जुटा है। नालों की सफाई, पंपिंग स्टेशनों की जांच और जलनिकासी व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं।
लोगों को राहत देने की कोशिश
बुडको का कहना है कि नई निगरानी व्यवस्था का उद्देश्य बारिश के दौरान जलभराव की स्थिति को जल्द नियंत्रित करना है। इंजीनियरों की तैनाती से तकनीकी समस्याओं का समाधान तुरंत किया जा सकेगा और शहर में जलनिकासी व्यवस्था सुचारु रखने में मदद मिलेगी।
मानसून के दौरान पटना में जलजमाव की चुनौती को देखते हुए यह कदम लोगों को राहत पहुंचाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।

