चलती ट्रेन से युवक को फेंकने वाला आरोपी UP से गिरफ्तार, RPF जवान बनकर बनाया शिकार; UPI से ऐंठे 17 हजार
चलती ट्रेन में यात्रियों को निशाना बनाकर लूटपाट करने और फिर उन्हें ट्रेन से नीचे फेंकने के मामले में पुलिस ने उत्तर प्रदेश से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर आरोप है कि उसने खुद को RPF जवान बताकर वैशाली जिले के एक युवक को अपने झांसे में लिया। इसके बाद उससे UPI के जरिए करीब 17 हजार रुपये ट्रांसफर करवाए और कथित तौर पर उसे चलती ट्रेन से नीचे फेंक दिया। घटना के बाद रेलवे और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार, आरोपी यात्रियों से बातचीत के दौरान खुद को रेलवे सुरक्षा बल का जवान बताता था। इसी पहचान का इस्तेमाल कर वह यात्रियों का भरोसा जीतता और फिर उन्हें अपने जाल में फंसाता था। वैशाली के युवक के साथ भी आरोपी ने इसी तरीके से संपर्क किया। बताया जा रहा है कि आरोपी ने युवक से पहले बातचीत की और खुद को RPF जवान बताकर उस पर प्रभाव बनाया।
इसके बाद आरोपी ने युवक से UPI के माध्यम से करीब 17 हजार रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिए। पैसे लेने के बाद मामला और गंभीर हो गया। आरोप है कि आरोपी ने युवक को चलती ट्रेन से नीचे फेंक दिया। युवक के साथ हुई इस घटना के बाद जांच एजेंसियों ने आरोपी की पहचान और उसके ठिकाने की तलाश शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को आरोपी के उत्तर प्रदेश में होने की जानकारी मिली। इसके बाद टीम ने कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि उसने इससे पहले भी इस तरह की घटनाओं को अंजाम दिया है या नहीं।
आरोपी के मोबाइल फोन, बैंक खाते और UPI लेनदेन की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि 17 हजार रुपये किस खाते में ट्रांसफर हुए और इस रकम का इस्तेमाल कहां किया गया। साथ ही आरोपी के संपर्क में रहे अन्य लोगों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
चलती ट्रेन से यात्री को फेंकने का आरोप सामने आने के बाद पुलिस इस मामले को गंभीरता से ले रही है। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि आरोपी अकेले वारदात करता था या उसके साथ कोई और व्यक्ति भी शामिल था। रेलवे से जुड़े रिकॉर्ड और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर घटना की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं।
फिलहाल आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूछताछ और आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपी ने इस तरह की कितनी घटनाओं को अंजाम दिया और उसके पीछे उसका वास्तविक मकसद क्या था।

