टेन डोशेट और दिलीप के कॉन्ट्रैक्ट खत्म, बीसीसीआई जल्द चुनेगा नए सहयोगी स्टाफ: सचिव सैकिया
नई दिल्ली, 28 जुलाई (आईएएनएस)। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने पुरुष क्रिकेट टीम के सहायक कोच रयान टेन डोशेट और फील्डिंग कोच टी. दिलीप के सालाना कॉन्ट्रैक्ट को पूरा होने तक जारी रखने का फैसला किया है। इसके बाद बोर्ड जल्द ही उनके स्थान पर नए कोचों की नियुक्ति की घोषणा करेगा। यह जानकारी बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने मंगलवार को 'आईएएनएस' को दी।
बीसीसीआई ने सपोर्ट स्टाफ के इन दो अहम सदस्यों को बदलने का फैसला किया है, क्योंकि उनके कॉन्ट्रैक्ट पहले ही खत्म हो चुके हैं। बोर्ड के इस फैसले के साथ तमाम अटकलों पर भी विराम लग गया है।
सैकिया ने मंगलवार को 'आईएएनएस' से कहा, "टी. दिलीप का कॉन्ट्रैक्ट पिछले एक साल से बढ़ा हुआ था। उनका कॉन्ट्रैक्ट पिछले साल ही खत्म हो गया था, लेकिन हमने उन्हें एक साल का और विस्तार दिया था। हालांकि, रयान टेन डोशेट का कॉन्ट्रैक्ट 10 जून को खत्म हो गया था। कॉन्ट्रैक्ट की अवधि खत्म होने के बाद भी वे 19 जुलाई को भारत-इंग्लैंड सीरीज खत्म होने तक टीम के साथ बने रहे। अब वह सीरीज खत्म हो चुकी है और उनके कॉन्ट्रैक्ट को आगे नहीं बढ़ाया गया है। नतीजतन, हम अब उन्हें रिलीज कर रहे हैं। इस्तीफे वगैरह को लेकर कई तरह की बातें और अटकलें लगाई जा रही थीं, लेकिन ऐसा कुछ नहीं है। कॉन्ट्रैक्ट की अवधि खत्म होने के बाद हमने इसे आगे नहीं बढ़ाया। हम अब नए लोगों को भर्ती करने की प्रक्रिया में हैं। एक-दो दिन में हम उनकी जगह लेने वाले लोगों के नामों का ऐलान कर देंगे।"
इंग्लैंड के व्हाइट-बॉल दौरे के खत्म होने के बाद रयान टेन डोशेट ने भारतीय टीम के असिस्टेंट कोच के तौर पर अपना कार्यकाल खत्म कर दिया है। उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ टी20 और वनडे दोनों सीरीज में भारत की हार के कुछ समय बाद बीसीसीआई को अपने फैसले के बारे में बता दिया था। उस समय टीम यूनाइटेड किंगडम में ही थी।
रयान टेन डोशेट ने भारतीय टीम के सपोर्ट स्टाफ में उस समय कदम रखा था, जब टी20 वर्ल्ड कप 2024 में भारत की खिताबी जीत के बाद गौतम गंभीर ने राहुल द्रविड़ की जगह हेड कोच का पद संभाला था। गंभीर के भरोसेमंद सहयोगियों में शामिल माने जाने वाले पूर्व ऑलराउंडर टेन डोशेट ने टीम के कोचिंग ग्रुप के सदस्य के रूप में कई क्षेत्रों में योगदान दिया। उन्होंने बल्लेबाजी और फील्डिंग दोनों विभागों में मदद की और भारतीय टीम के सपोर्ट सिस्टम का अहम हिस्सा रहे।
हालांकि, इसी दौरान टेस्ट टीम को मुश्किल दौर से गुजरना पड़ा। ऑस्ट्रेलिया दौरे पर भारत ने बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी गंवा दी, जिसके बाद घरेलू सीरीज में लगातार हार का सामना किया। इस दौरान न्यूजीलैंड के खिलाफ 0-3 और साउथ अफ्रीका के विरुद्ध 0-2 की हार शामिल थी।
--आईएएनएस
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