ज्योतिष न्यूज़ डेस्क: भारत में वैसे तो कई मंदिर हैं मगर हर आस्तिक को जानकार आश्चर्य होगा कि भगवान को नॉनवेज का भोग लगता हैं लेकिन इस बात में सच्चाई है महादेव का एक ऐसा दरबार है जहां चिकन, मटन और मछली को प्रसाद के तौर पर चढ़ाया जाता है

मंदिर में ऐसा किसी खास अवसर पर नहीं, बल्कि राजाना होता हैं भगवान शिव का ऐसा अद्भुत मंदिर कहा हैं और यहां नॉनवेज का भोग लगाने के पीछे की वजह क्या हैं इसके बारे में आज हम आपको बता रहे हैं तो आइए जानते हैं।

आपको बता दें कि देश की धार्मिक राजधानी काशी के एक मंदिर में नॉनवेज का भोग लगाया जाता हैं काशी के बटुक भैरव मंदिर में शिव स्वरूप बटुक को भक्त नॉनवेज और शराब चढ़ाते हैं इसके अलावा बटुक भैरव को बिस्किुट और टॉफियां भी भोग में लगाई जाती हैं मान्यता है कि बटुक भैरव को इन चीजों का भोग लगाने से इच्छाएं पूरी होती हैं। आपको बता दें कि इस मंदिर में शिव सात्विक, राजसी और तामसिक तीनों रुपों में विराजमान है यहां शरद ऋतु के दौरान बाबा के तीनों रूपों का विशेष श्रृंगार किया जाता हैं

सुबह के समय शिव स्वरुप बाल बटुक को टॉफी, बिस्किुट और फल के अलावा मांस और मदिरा का भोग लगाया जाता हैं दोपहर के वक्त राजसिक रूप में शिव को रोटी, दाल, चावल और सब्जी आदि का भोग लगाया जाता हैं इसके बाद शाम के समय आरती के बाद भैरव स्वरूप शिव को मछली, मटन, चिकन के साथ सााि मदिरा भी भोग लगाया जाता है इतना ही नहीं बाबा को प्रसन्न करने के लिए शराब से भरा खप्पड़ भी चढ़ाया जाता हैं।


