पश्चिम बंगाल में TMC पर डबल एक्शन, 3 बैंक खाते सीज, अभिषेक बनर्जी के कार्यालय पर भी चला पीला पंजा
पश्चिम बंगाल की प्रमुख राजनीतिक पार्टी, तृणमूल कांग्रेस (TMC), इस समय कई मोर्चों पर कानूनी और प्रशासनिक संकट से जूझ रही है। पार्टी के बड़े नेता और सांसद अभिषेक बनर्जी के ऑफिस को गिराने के लिए बुलडोज़र का इस्तेमाल किया गया है, जबकि केंद्रीय जांच एजेंसी - प्रवर्तन निदेशालय (ED) - ने पार्टी के बैंक खातों और वित्तीय लेन-देन पर अपनी पकड़ मज़बूत कर ली है। इन दो बड़ी घटनाओं ने राज्य की राजनीति में हलचल मचा दी है।
**अमताला में अभिषेक बनर्जी के ऑफिस के खिलाफ बुलडोज़र की कार्रवाई**
शनिवार को दक्षिण 24 परगना के अमताला में बारुईपुर रोड पर तनाव का माहौल बन गया, जब प्रशासन ने डायमंड हार्बर के सांसद और तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के ऑफिस को गिराना शुरू किया। प्रशासन का आरोप है कि यह ऑफिस बिना ज़रूरी मंज़ूरी के "गैर-कानूनी" तरीके से बनाया गया था। कार्रवाई से पहले इमारत पर एक नोटिस लगाया गया था। शनिवार को भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बुलडोज़र ने इमारत को गिराना शुरू कर दिया। मौके पर पार्टी कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिसके चलते सुरक्षा कड़ी कर दी गई।
कोलकाता नगर निगम (KMC) ने अभिषेक बनर्जी, उनके परिवार और उनकी कंपनी 'लीप्स एंड बाउंड्स' से जुड़ी 17 संपत्तियों - जिनमें उनका घर 'शांतिनिकेतन' भी शामिल है - के खिलाफ नोटिस जारी किए थे। बीजेपी ने हाल ही में ऐसी 43 संपत्तियों की एक सूची जारी की थी, जिसे TMC सांसद साकेत गोखले ने खारिज कर दिया था। उन्होंने तर्क दिया था कि डेटाबेस में एक ही नाम के कई व्यक्ति हो सकते हैं।
**वित्तीय मोर्चे पर ED का बड़ा कदम: 3 बैंक खाते फ्रीज़ किए गए**
ऑफिस गिराए जाने के संकट के बीच, TMC को वित्तीय मोर्चे पर एक और बड़ा झटका लगा है। ED ने पार्टी को एक औपचारिक पत्र भेजकर ₹164 करोड़ के संदिग्ध फंड ट्रांसफर का विस्तृत ब्योरा मांगा है। यह जांच एक एविएशन कंपनी से जुड़े संदिग्ध वित्तीय लेन-देन के सिलसिले में की जा रही है। प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत कार्रवाई करते हुए, जांच एजेंसी ने TMC के कुल सात मुख्य बैंक खातों में से तीन मुख्य खातों को पूरी तरह से फ्रीज़ कर दिया है। इन खातों में करोड़ों रुपये हैं, जिनका इस्तेमाल पार्टी अभी नहीं कर सकती है।

