'ये मौतें नहीं, हत्या है', पुणे जहरीली शराब मामले में विपक्ष का बड़ा आरोप
मुंबई, 29 मई (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के पुणे के पिंपरी-चिंचवड इलाके में जहरीली शराब ने कई परिवारों को उजाड़ दिया है। इससे अब तक 12 से ज्यादा लोगों की मौत की खबर सामने आ चुकी है। इसको लेकर विपक्ष हमलावर है। उनका कहना है कि ये मौतें सिर्फ जहरीली शराब पीने से नहीं हुई हैं, बल्कि इनकी हत्या की गई है। इन मौतों के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाना चाहिए।
शिवसेना के प्रवक्ता कृष्णा हेगड़े ने कहा, "पिंपरी-चिंचवड में जहरीली शराब पीने से हुई लोगों की मौत एक बहुत ही दुखद घटना है। मैं यह नहीं कहूंगा कि इन लोगों की मौत सिर्फ जहरीली शराब पीने से हुई, बल्कि इनकी हत्या की गई है। इन मौतों के लिए जिम्मेदार लोगों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।"
कांग्रेस नेता नसीम खान ने शुक्रवार को आईएएनएस से बातचीत के दौरान कहा, "पुणे के पिंपरी-चिंचवड में एक बहुत ही दुखद हादसा हुआ है और कई लोगों की मौत की खबरें आ रही हैं। कई लोगों की हालत गंभीर है और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सवाल यह है कि यह घटना क्यों हुई? वहां कब से जहरीली शराब बनाई जा रही थी? और वहां के अधिकारी क्या कर रहे थे?"
नसीम खान ने कहा, "सवाल यह उठ रहा है कि पुणे जैसे जिले में जहां जहरीली शराब का मामला सामने आया है, ऐसी घटना के बारे में सुनकर लोग हैरान हैं। अगर पुलिस के अधिकार क्षेत्र में इस तरह अवैध शराब का उत्पादन हो रहा है तो इसके लिए आखिरकार जिम्मेदार कौन है?"
उनका कहना है कि किसी न किसी को तो इसकी जिम्मेदारी तो लेनी ही पड़ेगी। उन्होंने कहा कि जिन अधिकारियों के अधिकार क्षेत्र में यह घटना हुई है उन्हें सस्पेंड कर देना चाहिए। साथ ही, जिनकी मृत्यु हुई है और जो लोग अस्पताल में भर्ती हुए हैं, उनके परिवारों को उचित मुआवजा देना चाहिए।
वहीं, भाजपा विधायक शंकर जगताप ने कहा, "यह घटना बहुत ही भयानक थी। हमने हालात का जायजा लिया और पूरी जानकारी जुटाने के बाद पता चला कि करीब 10-12 लोगों की मौत हुई है। शराब में कोई केमिकल मिलाया गया था। हमारे विभाग ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। कुछ लोगों को गिरफ्तार भी कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है।"
--आईएएनएस
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