कर्नाटक में महिलाओं का आंदोलन! सार्वजनिक बसों से फाड़े गुटखा विज्ञापन पोस्टर, वीडियो हो रहा वायरल
कर्नाटक में आजकल तंबाकू के खिलाफ एक अनोखा आंदोलन चल रहा है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें महिलाएं सरकारी बसों से गुटखा और तंबाकू के विज्ञापन फाड़ती दिख रही हैं।
क्या है पूरा मामला?
वीडियो में महिलाएं स्टेट ट्रांसपोर्ट बसों के साइड में लगे बड़े पोस्टर हटाती दिख रही हैं। इन पोस्टरों में पान मसाला या इलायची जैसे प्रोडक्ट के नाम पर तंबाकू को इनडायरेक्टली प्रमोट किया गया था। लोगों का कहना है कि ऐसे विज्ञापन युवाओं को तंबाकू की तरफ अट्रैक्ट करते हैं और सेहत के लिए नुकसानदायक होते हैं।
Glad that women joined this trend. 👏🏼👏🏼
— खुरपेंची ढांचे (@Khurpenchinfra) February 12, 2026
In Karnataka Women started tearing down ghutka ads on busses. Very nice. pic.twitter.com/ezrMwxvjPd
पहले भी विरोध शुरू हुआ था
यह कैंपेन जनवरी में शुरू हुआ था जब कुछ युवाओं ने कर्नाटक स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (KSRTC) और बेंगलुरु मेट्रोपॉलिटन ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (BMTC) की बसों से ऐसे विज्ञापन हटा दिए थे। उनके वीडियो भी वायरल हुए थे। अब, महिलाओं के जुड़ने से यह आंदोलन और भी बड़ा हो गया है।
विरोध क्यों हो रहा है?
हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि तंबाकू का डायरेक्ट या इनडायरेक्ट विज्ञापन करना कानून के खिलाफ है। कई कंपनियां "इलायची" या "पान मसाला" के नाम से तंबाकू का विज्ञापन करती हैं, जिससे लोग गुमराह हो सकते हैं। इससे लोगों में गुस्सा बढ़ रहा है।
सरकार ने क्या कहा?
कर्नाटक के ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर ने निर्देश दिया है कि बसों और बस स्टैंड पर तंबाकू से जुड़े कोई भी ऐड न दिखाए जाएं। पुराने ऐड हटाने के लिए एक डेडलाइन भी तय की गई है।
सोशल मीडिया पर रिएक्शन
लोग इस पहल की तारीफ़ कर रहे हैं। कई यूज़र्स ने इसे "बहुत अच्छा कदम" और "बहुत अच्छी पहल" कहा। यह मामला दिखाता है कि जब आम लोग एक साथ आकर अपनी बात रखते हैं, तो इसका पब्लिक हेल्थ और सोशल मुद्दों पर बड़ा असर पड़ सकता है।

