Weather Update : अभी खत्म नहीं हुआ बारिश का दौर...' – साइक्लोनिक सर्कुलेशन के एक्टिव होने से इन राज्यों में होगी भारी मानसूनी बारिश!
देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदल रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, दक्षिण भारत के कई राज्यों में 23 अक्टूबर तक भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। कुछ इलाकों में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका है। इसके साथ ही तेज हवाएं चलने, आकाशीय बिजली गिरने और समुद्र में हलचल बढ़ने की चेतावनी भी जारी की गई है।
दक्षिण भारत के इन राज्यों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल में 17 से 23 अक्टूबर के बीच कई स्थानों पर बारिश होने की संभावना है। 17 और 20 अक्टूबर को कुछ इलाकों में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है।
केरल, माहे और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भी 17 से 23 अक्टूबर के दौरान भारी बारिश का अनुमान है। वहीं, तटीय कर्नाटक में 20 से 22 अक्टूबर के बीच बारिश की गतिविधियां तेज रह सकती हैं।
तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और रायलसीमा में 17 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की आशंका है। इसके बाद 18 से 21 अक्टूबर तक भी कई इलाकों में बारिश जारी रह सकती है।
60 किलोमीटर प्रति घंटे तक चल सकती हैं हवाएं
बारिश के साथ दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में तेज हवाएं चलने और बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, कुछ क्षेत्रों में हवा के झोंकों की रफ्तार 30 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी जाती है। बारिश और गरज-चमक के दौरान अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से भी बचना चाहिए।
महाराष्ट्र, गोवा और कोंकण में आंधी-तूफान की चेतावनी
दक्षिण भारत के अलावा पश्चिम भारत में भी मौसम बदल सकता है। कोंकण और गोवा के साथ मराठवाड़ा में 17 से 19 अक्टूबर के बीच गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है।
मध्य महाराष्ट्र में 17 से 20 अक्टूबर तक मौसम खराब रह सकता है। इस दौरान हवा की गति 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रहने और झोंकों की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है। कुछ स्थानों पर बिजली चमकने और बारिश होने की भी आशंका है।
उत्तर भारत में कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग के दिए गए पूर्वानुमान के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश हिस्सों में इस अवधि के दौरान किसी बड़े मौसमी बदलाव की संभावना नहीं जताई गई है। हालांकि, स्थानीय मौसम की स्थिति अलग हो सकती है, इसलिए अपने क्षेत्र का ताजा पूर्वानुमान देखना जरूरी है।
मछुआरों के लिए खास चेतावनी
समुद्र में खराब मौसम की आशंका को देखते हुए कर्नाटक और केरल के तटीय इलाकों, अरब सागर के आसपास और लक्षद्वीप क्षेत्र में 17 से 19 अक्टूबर के दौरान विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
इस अवधि में समुद्र की स्थिति अशांत रह सकती है। ऐसे में मछुआरों को मौसम विभाग की चेतावनी का पालन करने और संबंधित क्षेत्रों में समुद्र में जाने से बचने की सलाह दी गई है।
लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
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भारी बारिश के दौरान जलभराव वाले रास्तों से गुजरने से बचें।
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आकाशीय बिजली चमकने पर खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे खड़े न हों।
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तेज हवाओं के दौरान कमजोर ढांचों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखें।
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समुद्र में जाने से पहले स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनी जरूर देखें।
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यात्रा पर निकलने से पहले अपने शहर का ताजा मौसम अपडेट जांच लें।

