वाइब्रेंट गुजरात रीजनल कॉन्फ्रेंस से निवेश बढ़ेगा, रोजगार और निर्यात में होगा इजाफा : उद्योगपति
सूरत, 1 मई (आईएएनएस)। वाइब्रेंट गुजरात रीजनल कॉन्फ्रेंस में उद्योगपतियों ने शुक्रवार को कहा कि यह एक काफी अच्छा समिट है। इससे राज्य में निवेश बढ़ेगा। साथ ही, रोजगार के अवसर और निर्यात में भी बढ़ोतरी होगी।
समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए केपी ग्रुप के डॉ. फारूक पटेल ने कहा कि वाइब्रेंट गुजरात के तहत हो रही इस रीजनल कॉन्फ्रेंस से पूरे साउथ गुजरात को बड़ा फायदा होने वाला है। इससे पूरे गुजरात और देश को फायदा होगा।
उन्होंने आगे कहा कि रीजनल कॉन्फ्रेंस में विदेशी निवेशक भी आ रहे हैं और इससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे, साथ ही निर्यात में भी बढ़ोतरी होगी।
हरि कृष्णा एक्सपोर्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के संस्थापक और चेयरमैन सावजी ढोलकिया ने कहा कि इस समिट जनता और उद्योगपतियों को जानकारी मिलेगी कि गुजरात और भारत सरकार का क्या विजन है। इससे उद्योगों को सूरत में अवसरों के बारे में भी जानकारी मिलेगी।
ढोलकिया ने आगे कहा कि यह समिट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन का परिणाम है। इससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे और आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी।
डोनेट लाइफ के संस्थापक और अध्यक्ष नीलेश मंडलेवाला ने आईएएनएस से कहा कि वाइब्रेंट गुजरात की नींव प्रधानमंत्री मोदी ने रखी थी। समय के साथ इसका कद लगातार बढ़ता जा रहा है। यहां निवेश के लिए देश के साथ-साथ विदेशी निवेशक भी आ रहे हैं।
उन्होंने आगे कहा कि सरकार ने भी निवेश के लिए गुजरात को तैयार किया है। यहां इन्फ्रास्ट्रक्चर उद्योगों के लिए काफी अच्छा है।
वहीं, यूनो मिंडा के चेयरमैन निर्मल मिंडा ने कहा कि यह एक लेंडमार्क समिट है। इस प्रकार की समिट से गुजरात के सभी क्षेत्रों में इंडस्ट्री के विकस में मदद मिलेगी। यहां विदेशों निवेशकों की भी भागीदारी बढ़ी है।
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने 2047 तक विकसित भारत का जो लक्ष्य दिया है, उनमें इस प्रकार की समिट की मदद से गुजरात एक बड़ी भूमिका निभाएगा।
--आईएएनएस
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