पश्चिम बंगाल चुनाव में टीएमसी को 25 सीटों पर निपटा देगी जनता: गौरव वल्लभ
नई दिल्ली, 6 जनवरी (आईएएनएस)। भाजपा नेता गौरव वल्लभ ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव से पहले मिलने वाली हार का दर्द उनके चेहरे पर झलक रहा है। उन्होंने दावा किया कि बंगाल की जनता टीएमसी को 25 सीटों पर सिमटा देगी।
नई दिल्ली में भाजपा नेता गौरव वल्लभ ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए एसआईआर के मुद्दे पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि वे कहीं भी जाने के लिए आजाद हैं और हमें कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन चुनाव से पहले उनके चेहरे पर चुनाव हारने की निराशा साफ दिख रही है। अगर चुनाव से पहले एसआईआर हो रहा है तो वे कोर्ट जा रही हैं। मुझे लगता है कि वे घबराट में हैं। लगता है कि घुसपैठियों के वोट खिसक गए हैं। सीएम ममता बनर्जी ने चुनाव से पहले हार मान ली है।
भाजपा नेता ने कहा कि विधानसभा चुनाव में टीएमसी 25 सीटों पर सिमटने वाली है। टीएमसी के इंटरनल सर्वे बता रहे हैं कि बुरा हाल होने वाला है, इसीलिए चुनाव नतीजे से पहले टीएमसी में हार की बौखलाहट दिख रही है। बंगाल की जनता ने मन बना लिया है कि टीएमसी को 25 सीटों पर सिमटाना है।
उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के टैरिफ बढ़ाने वाले बयान पर कहा कि ट्रंप क्या बोलते हैं, उनकी क्या नीति है, मैं विदेशी नेता के बारे में टिप्पणी नहीं करूंगा, लेकिन कांग्रेस नेताओं के बारे में कहना चाहूंगा कि कांग्रेस पार्टी देश में रहकर सदन में सवाल पूछती है कि ऑपरेशन सिंदूर में हमारे कितने जहाज गिरे। उन्हें शर्म आनी चाहिए। उन्हें पूछना चाहिए कि हमने कितने पाकिस्तानी जहाज गिराए।
उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि दोनों देशों को सारे बिजनेस इंटरेस्ट के लिए एक अच्छा मसौदा तैयार करना चाहिए। कांग्रेस पार्टी के लोग यहां जो बोलते हैं, उन्हें अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। कांग्रेस को भारत विरोधी बातों पर एकजुटता दिखानी चाहिए।
जेएनयू कैंपस में हुई नारेबाजी पर गौरव वल्लभ ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के जजों के फैसले के खिलाफ नारे लगाने से बड़ा देशद्रोह का काम और कोई नहीं हो सकता। इसे सिर्फ देशद्रोह ही कहा जाएगा। देश के करदाताओं का पैसा इनकी किताबों, पढ़ाई और इंफ्रास्ट्रक्चर में लगता है और ये देश विरोधी बातें करते हैं। वे कोर्ट के आदेशों की अवहेलना करते हैं और प्रदर्शन करते हैं, क्योंकि इनके दो साथियों को जमानत नहीं मिली है। देश आपकी इच्छा से चलेगा या संविधान से चलेगा? पीएम मोदी और अमित शाह के खिलाफ जो अपशब्द कहा गया है, इससे ज्यादा संविधान विरोधी बात नहीं हो सकती। दुख इस बात का है कि राष्ट्रविरोधियों को पढ़ाई के लिए हम करदाता पैसा देते हैं। यह दुखद घटना है। मैं कड़े शब्दों में इसकी निंदा करता हूं।
--आईएएनएस
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