Samachar Nama
×

दुनिया की सबसे अजीब वाइन! पहले मिट्टी से खोजे जाते हैं कीड़े, फिर तवे पर सेंककर होती है तैयारी, जानिए पूरी कहानी

दुनिया की सबसे अजीब वाइन! पहले मिट्टी से खोजे जाते हैं कीड़े, फिर तवे पर सेंककर होती है तैयारी, जानिए पूरी कहानी​​​​​​​

सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में लोगों को मिट्टी खोदकर छोटे-छोटे लार्वा निकालते हुए देखा जा सकता है। इन लार्वा का इस्तेमाल एक खास तरह की वाइन बनाने में किया जाता है। यह तरीका पहली नज़र में अजीब लग सकता है, लेकिन चीन के कुछ हिस्सों में इसे एक पुरानी परंपरा माना जाता है। इस वीडियो ने ऑनलाइन बहस छेड़ दी है; कुछ लोग इसे चीन की अनोखी खान-पान संस्कृति का हिस्सा मानते हैं, जबकि कई यूज़र्स का कहना है कि उन्होंने ऐसी ड्रिंक के बारे में पहले कभी नहीं सुना था।

**मिट्टी में छिपे खास लार्वा**

इस वाइन को बनाने की प्रक्रिया खेतों और जंगलों से शुरू होती है। स्थानीय लोग उन जगहों पर मिट्टी खोदते हैं जहाँ खास तरह के लार्वा पाए जाते हैं। वे लार्वा को निकालते समय बहुत सावधानी बरतते हैं ताकि वे साबुत रहें। अक्सर, लार्वा को उनके बिलों से निकालने के लिए पतली स्ट्रॉ या छोटे औज़ारों का इस्तेमाल किया जाता है। निकालने के बाद, उन्हें साफ़ किया जाता है और अगले चरण के लिए तैयार किया जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस काम के लिए कोई भी कीड़ा इस्तेमाल नहीं किया जाता; इस पारंपरिक ड्रिंक के लिए सिर्फ़ एक खास प्रजाति के लार्वा ही सही माने जाते हैं।

**यह अनोखी वाइन कैसे बनती है**

निकालने के बाद, लार्वा को अच्छी तरह साफ़ किया जाता है और फिर धूप में सुखाया जाता है ताकि सारा मॉइस्चर निकल जाए। सूखने के बाद, उन्हें पीसकर बारीक पाउडर बना लिया जाता है। फिर इस पाउडर को राइस वाइन या किसी दूसरे अल्कोहल बेस के साथ मिलाया जाता है; कुछ इलाकों में गर्म पानी का भी इस्तेमाल होता है। कई पारंपरिक तरीकों में, मिश्रण में मिलाने से पहले लार्वा को पैन पर हल्का भूना जाता है। स्थानीय लोग बताते हैं कि पूरी प्रक्रिया में काफी समय लगता है और इसे बनाने का तरीका परिवारों में पीढ़ी-दर-पीढ़ी चला आ रहा है।

**सिर्फ़ ड्रिंक नहीं, दवा भी मानी जाती है**

पारंपरिक चीनी चिकित्सा (TCM) में लंबे समय से अलग-अलग कीड़ों और लार्वा का इस्तेमाल होता रहा है। इसीलिए इस वाइन को सिर्फ़ अल्कोहल वाली ड्रिंक नहीं माना जाता; कई लोग इसे शारीरिक ताकत बढ़ाने वाली ड्रिंक मानते हैं। स्थानीय लोगों का मानना ​​है कि इससे थकान दूर होती है, एनर्जी लेवल बढ़ता है और इम्यूनिटी बेहतर होती है। हालाँकि, इन दावों पर वैज्ञानिकों की राय अलग-अलग है। ऐसी कई पारंपरिक मान्यताओं पर रिसर्च चल रही है, और इनसे जुड़े सभी स्वास्थ्य लाभों को वैज्ञानिक रूप से साबित नहीं किया गया है।

**सोशल मीडिया पर बहस शुरू**

जैसे ही सोशल मीडिया पर इस वाइन का वीडियो वायरल हुआ, लोगों की प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। कुछ यूज़र्स ने तर्क दिया कि अलग-अलग देशों की संस्कृति का सम्मान किया जाना चाहिए, क्योंकि हर समाज की अपनी अनोखी परंपराएँ होती हैं। इसके उलट, कई लोगों ने कहा कि वे ऐसी ड्रिंक पीने के बारे में सोच भी नहीं सकते। कुछ लोगों ने मज़ाक में कहा कि अगर उन्हें इसके बारे में पहले से पता होता, तो वे इसे चखने की हिम्मत भी नहीं करते। दूसरों ने इसे दुनिया की सबसे अजीब शराब बताया।

**चीन का फ़ूड कल्चर हमेशा चर्चा का विषय रहा है**

चीन के खान-पान को दुनिया में सबसे अलग और विविध माना जाता है। कई इलाकों में लोग ऐसी चीज़ें खाते-पीते हैं जिन्हें दूसरे देशों के लोग छूना भी पसंद नहीं करेंगे। कीड़े-मकोड़ों, सांपों, बिच्छुओं और कई अन्य पारंपरिक चीज़ों से बनी डिशेज़ पर पहले भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बहस हो चुकी है। यही वजह है कि कीड़ों से बनी वाइन का वीडियो लोगों का ध्यान आसानी से खींच लेता है।

**परंपरा और जिज्ञासा, दोनों से जुड़ा विषय**

कीड़ों से बनी यह वाइन भले ही दुनिया भर के लोगों को हैरान कर दे, लेकिन चीन के कुछ हिस्सों में इसे सदियों पुरानी परंपरा का हिस्सा माना जाता है। स्थानीय लोग इसे खास मौकों पर पीते हैं और कई परिवार आज भी इसे पुराने तरीकों से बनाते हैं। सोशल मीडिया के दौर में, ऐसी पारंपरिक प्रथाएं दुनिया भर के लोगों तक पहुँच रही हैं, जिससे इस अनोखी चीनी वाइन के बारे में लोगों में जिज्ञासा पैदा हुई है। कुछ लोगों के लिए यह एक अनोखी सांस्कृतिक विरासत है, तो कुछ के लिए यह दुनिया की सबसे अनोखी ड्रिंक्स में से एक है।

Share this story

Tags