केंद्र का नया आदेश, वीडियो में जाने पाइपलाइन गैस (PNG) कनेक्शन अनिवार्य, LPG सप्लाई 3 महीने में बंद हो सकती
अगर आपके घर के पास गैस पाइपलाइन पहुंच चुकी है और आपने अब तक PNG (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन नहीं लिया है, तो अगले तीन महीनों में आपके घर आने वाला LPG सिलेंडर बंद हो सकता है। केंद्र सरकार ने मिडिल-ईस्ट में जारी युद्ध और गैस की किल्लत को देखते हुए यह कदम उठाया है।सरकार ने इसके लिए ‘नेचुरल गैस और पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स डिस्ट्रीब्यूशन ऑर्डर 2026’ लागू किया है। इस आदेश के तहत अब घरों और अपार्टमेंट्स में पाइपलाइन वाली गैस (PNG) का कनेक्शन लेना अनिवार्य कर दिया गया है। आदेश में कहा गया है कि यदि कोई उपभोक्ता नोटिस मिलने के बावजूद PNG कनेक्शन नहीं लेता, तो उसकी LPG सिलेंडर की सप्लाई 90 दिन के बाद रोक दी जाएगी।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि इस प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए पहले उपभोक्ताओं को नोटिस दिया जाएगा। नोटिस मिलने के बाद 90 दिनों का समय उपभोक्ता के पास होगा कि वह पाइपलाइन गैस का कनेक्शन ले। यदि कोई उपभोक्ता इस समयावधि में कनेक्शन नहीं लेता है, तो उसकी LPG सप्लाई रोक दी जाएगी।इसके साथ ही सरकारी आदेश में सोसाइटियों और अपार्टमेंट्स की जिम्मेदारी भी तय की गई है। सोसाइटियों को यह सुनिश्चित करना होगाकि पाइपलाइन की मंजूरी तीन दिन के भीतर दे दी जाए। इससे नए PNG कनेक्शनों की प्रक्रिया तेज और सुचारू होगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह कदम देश में LPG और PNG की आपूर्ति को व्यवस्थित करने और ऊर्जा संकट के समय उपभोक्ताओं तक गैस पहुंचाने के लिए लिया गया है। मिडिल-ईस्ट में जारी संघर्ष और अंतरराष्ट्रीय बाजार में गैस की बढ़ती कीमतों को देखते हुए सरकार ने यह निर्णय लिया है। PNG कनेक्शन न केवल घरेलू गैस की आपूर्ति सुनिश्चित करेगा, बल्कि गैस की चोरी और किल्लत की स्थिति को भी नियंत्रित करेगा।सरकार का यह भी कहना है कि आदेश का मकसद उपभोक्ताओं को किसी तरह की असुविधा नहीं पहुंचाना है, बल्कि उन्हें सुरक्षित, नियमित और सस्ती गैस आपूर्ति सुनिश्चित करना है। पाइपलाइन गैस के माध्यम से घरों तक नियमित गैस पहुंचाने की योजना में समयबद्धता लाने के लिए यह कदम उठाया गया है।
इसके अलावा, अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि PNG कनेक्शन लेने से उपभोक्ता को लंबी अवधि में LPG सिलेंडर की तुलना में कम खर्च आएगा। पाइपलाइन गैस स्थायी समाधान के रूप में देखी जा रही है, जो लगातार और सुरक्षित गैस आपूर्ति सुनिश्चित करती है। इस आदेश के बाद घरेलू उपभोक्ताओं, सोसाइटियों और गैस कंपनियों को मिलकर काम करना होगा ताकि कोई उपभोक्ता अपने गैस कनेक्शन से वंचित न रह जाए। विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम ऊर्जा क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाने और घरेलू गैस संकट को कम करने में मददगार साबित हो सकता है।

