WhatsApp और Telegram पर 'गारंटीड रिटर्न' का झांसा, ऐसे हो रही करोड़ों की साइबर ठगी, जानिए कैसे बचें
WhatsApp और Telegram पर 'गारंटीड रिटर्न' का लालच देकर लोगों को ठगने वाले साइबर अपराधियों का नेटवर्क तेजी से सक्रिय हो रहा है। निवेश पर कम समय में दोगुना या कई गुना मुनाफा देने का दावा करने वाले ऐसे फर्जी ऑफर्स के जरिए लोगों से लाखों-करोड़ों रुपये की ठगी की जा रही है। साइबर सुरक्षा एजेंसियां लगातार लोगों को सतर्क रहने की सलाह दे रही हैं, क्योंकि ठग नई-नई तकनीकों का इस्तेमाल कर लोगों को अपने जाल में फंसा रहे हैं।
साइबर अपराधी सबसे पहले WhatsApp या Telegram पर लोगों को किसी निवेश या ट्रेडिंग ग्रुप में जोड़ते हैं। इन ग्रुप्स में शेयर बाजार, क्रिप्टोकरेंसी, विदेशी मुद्रा (Forex) या अन्य निवेश योजनाओं के नाम पर बड़े मुनाफे का दावा किया जाता है। शुरुआत में कुछ लोगों को मामूली लाभ दिखाया जाता है, जिससे नए निवेशकों का भरोसा जीत लिया जाता है। इसके बाद बड़ी रकम निवेश करने के लिए दबाव बनाया जाता है।
ठग अक्सर खुद को किसी प्रतिष्ठित निवेश कंपनी, वित्तीय सलाहकार या ट्रेडिंग एक्सपर्ट के रूप में पेश करते हैं। वे फर्जी वेबसाइट, नकली मोबाइल ऐप और बनावटी निवेश डैशबोर्ड का इस्तेमाल करते हैं, जिससे लोगों को लगता है कि उनका पैसा तेजी से बढ़ रहा है। लेकिन जब निवेशक अपनी रकम निकालने की कोशिश करता है, तो उसे टैक्स, प्रोसेसिंग फीस या अन्य शुल्क के नाम पर और पैसे जमा कराने के लिए कहा जाता है। आखिरकार ठग सभी संपर्क बंद कर देते हैं और पीड़ित अपनी जमा पूंजी गंवा बैठता है।
साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि 'गारंटीड रिटर्न' जैसा कोई भी दावा अपने आप में संदेह पैदा करता है। शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड, क्रिप्टोकरेंसी या किसी भी वैध निवेश में निश्चित और जोखिम-मुक्त मुनाफे की गारंटी नहीं दी जा सकती। यदि कोई व्यक्ति या संस्था कम समय में दोगुना या कई गुना रिटर्न का दावा करती है, तो उससे सतर्क रहना चाहिए।
ऐसे करें अपनी सुरक्षा
- किसी भी अनजान WhatsApp या Telegram ग्रुप में निवेश संबंधी सलाह पर भरोसा न करें।
- "100% गारंटीड रिटर्न", "रोजाना निश्चित कमाई" या "बिना जोखिम के निवेश" जैसे दावों से सावधान रहें।
- किसी भी निवेश से पहले संबंधित कंपनी, प्लेटफॉर्म और उसके लाइसेंस की जांच करें।
- केवल आधिकारिक और विश्वसनीय निवेश प्लेटफॉर्म का ही उपयोग करें।
- किसी भी व्यक्ति के कहने पर बैंक खाते में सीधे पैसे ट्रांसफर न करें।
- अपना OTP, बैंक डिटेल, UPI PIN या पासवर्ड किसी के साथ साझा न करें।
- किसी अनजान लिंक पर क्लिक करने या संदिग्ध ऐप डाउनलोड करने से बचें।
यदि आपके साथ ऐसी कोई साइबर ठगी हो जाती है, तो बिना देर किए अपने बैंक को सूचित करें ताकि संदिग्ध लेनदेन को रोका जा सके। साथ ही, तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर भी ऑनलाइन शिकायत करें। समय रहते की गई शिकायत से ठगी गई राशि को वापस पाने की संभावना बढ़ सकती है।
डिजिटल युग में ऑनलाइन निवेश के अवसर बढ़े हैं, लेकिन साइबर ठग भी लगातार नए तरीके अपना रहे हैं। ऐसे में थोड़ी-सी सतर्कता और किसी भी निवेश प्रस्ताव की अच्छी तरह जांच करना आपकी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखने का सबसे प्रभावी तरीका है। याद रखें, जहां बिना जोखिम के बड़े मुनाफे का दावा किया जाए, वहां सबसे पहले सतर्क होना जरूरी है।

