ठाणे-मुलुंड के बीच नए उपनगरीय रेलवे स्टेशन को मिली स्वीकृति; मुख्यमंत्री ने जताया आभार
मुंबई, 8 मई (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के ठाणे और मुलुंड के बीच रोजाना सफर करने वाले लाखों लोकल ट्रेन यात्रियों के लिए एक बड़ी खबर है। सालों से लंबित ठाणे-मुलुंड के बीच नया उपनगरीय रेलवे स्टेशन बनाने के प्रोजेक्ट को सैद्धांतिक स्वीकृति मिल गई है। इस प्रोजेक्ट के लिए फंड की समस्या आखिरकार सुलझ गई है, जिससे यात्रियों को आने वाले समय में बड़ा फायदा मिलने वाला है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव को धन्यवाद दिया है। सीएम फडणवीस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा कि ठाणे-मुलुंड के मध्य नए उपनगरीय रेलवे स्टेशन के निर्माण को सैद्धांतिक स्वीकृति प्रदान करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव का हृदय से आभार!
उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय से मुंबई महानगर क्षेत्र की यातायात व्यवस्था को और अधिक सक्षम एवं गतिमान बनाने में निश्चित रूप से मदद मिलेगी।
इससे पहले महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने निर्देश दिया कि अल नीनो के खतरे को देखते हुए जल संरक्षण परियोजनाओं और जलयुक्त शिवर अभियान 2.0 के तहत कार्यों को युद्धस्तर पर पूरा किया जाना चाहिए।
उन्होंने भूजल स्तर में गिरावट वाले क्षेत्रों को प्राथमिकता देने और उन्हें पुनर्जीवित करने के लिए समन्वित प्रयास करने पर जोर दिया।
उन्होंने मृदा एवं जल संरक्षण विभाग के कार्यों की समीक्षा के लिए आयोजित बैठक में ये निर्देश जारी किए।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि अल नीनो के कारण भूजल स्तर बढ़ाना आवश्यक है।
जल संरक्षण और जलयुक्त शिवर कार्यों के लिए प्राथमिकताएं निर्धारित की जानी चाहिए ताकि उन्हें समय पर पूरा किया जा सके।
जलयुक्त शिवर के लिए राज्य स्तरीय योजनाओं को 15 मई तक अनुमोदित किया जाना चाहिए।
प्रगति में तेजी लाने के लिए जिलों को संशोधित योजनाएं उपलब्ध कराई जानी चाहिए।
उन्होंने आगे कहा कि चयनित गांवों के अलावा, आसपास के क्षेत्रों में 10 प्रतिशत अतिरिक्त कार्य भी प्राथमिकता के आधार पर किए जाने चाहिए।
गाद साफ किए गए नालों को दोबारा अवरुद्ध होने से बचाने के लिए मुख्यमंत्री फडणवीस ने नालों के किनारों पर बांस लगाने का सुझाव दिया।
विदर्भ के मालगुजारी तालाबों की मरम्मत का काम जून तक पूरा होने की उम्मीद है।
उन्होंने बताया कि वे प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत अधिक धनराशि प्राप्त करने के लिए केंद्रीय मंत्रियों से व्यक्तिगत रूप से मिलेंगे।
मृदा एवं जल संरक्षण मंत्री संजय राठौड़ ने कहा कि विभाग की संशोधित संगठनात्मक संरचना से कार्यों में तेजी आएगी।
--आईएएनएस
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