टिहरी-गढ़वाल हादसा: राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने जताया दुख, आर्थिक मदद की भी घोषणा
नई दिल्ली, 23 अप्रैल (आईएएनएस)। उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में पिकअप वैन अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी। इस हादसे में आठ लोगों की मौत हो गई। इस घटना पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है। इसके साथ ही मृतकों और घायलों के लिए आर्थिक मदद की घोषणा की गई।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा कि टिहरी गढ़वाल, उत्तराखंड में एक वाहन के खाई में गिरने से लोगों की मृत्यु होने का समाचार अत्यंत दुखद है। मैं शोक-संतप्त परिवारजनों के प्रति गहन संवेदना व्यक्त करती हूं तथा घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं।
वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना में हुए नुकसान पर दुख जताया और मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की है।
प्रधानमंत्री कार्यालय की तरफ से दी गई जानकारी के मुताबिक, पीएम मोदी ने कहा कि उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में दुर्घटना के कारण हुई जान-माल की हानि दुखद है। मैं उन लोगों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करता हूं जिन्होंने इस हादसे में अपने प्रियजनों को खो दिया है। ईश्वर करे कि घायल लोग जल्द से जल्द ठीक हो जाएं।
आगे बताया गया कि पीएमएनआरएफ की ओर से जान गंवाने वाले प्रत्येक व्यक्ति के परिजनों को 2-2 लाख रुपए की अनुग्रह राशि दी जाएगी। घायलों को 50,000 रुपए दिए जाएंगे।
उपराष्ट्रपति की तरफ से भी इस घटना पर दुख जताते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा गया कि उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में हुई दुखद दुर्घटना अत्यंत पीड़ादायक है। मेरी संवेदनाएं उन परिवारों के साथ हैं, जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है। मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।
बताया जा रहा है कि वाहन में कुल 10 लोग सवार थे। हादसा तब हुआ जब वाहन ऋषिकेश से घनसाली की ओर जा रहा था। सभी यात्री घनसाली क्षेत्र के चांजी, ठेला और चकरेड़ा गांव के निवासी थे। वे हरिद्वार में एक अंतिम संस्कार में शामिल होने के बाद वापस लौट रहे थे।
रास्ते में वाहन अचानक अनियंत्रित हो गया और गहरी खाई में जा गिरा। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी बृजेश भट्ट ने आठ लोगों की मौत की पुष्टि की है। दोनों घायलों को तत्काल जिला अस्पताल बौराड़ी भेज दिया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। दोनों घायल खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, एसडीआरएफ और फायर सर्विस की टीमें मौके पर पहुंच गईं। रेस्क्यू ऑपरेशन तेजी से चलाया गया। जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल स्वयं घटनास्थल पर पहुंचीं।
--आईएएनएस
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