अवेधश प्रसाद का दावा- उत्तर प्रदेश में पीडीए की सरकार बनेगी, भाजपा 50 सीटें भी नहीं जीत पाएगी
अयोध्या, 29 सितंबर (आईएएनएस)। समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद अवधेश प्रसाद ने इंडिया ब्लॉक की बैठक और उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। सांसद ने दावा किया कि इस बार पीडीए की सरकार बनेगी और भाजपा को 50 सीटें भी नहीं मिलेंगी।
इंडी गठबंधन की बड़ी बैठक पर अवधेश प्रसाद ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, "देश एक गंभीर और चिंताजनक स्थिति का सामना कर रहा है। युवाओं और छात्रों पर लाठीचार्ज, फायरिंग, आंसू गैस के गोले दागे जा रहे हैं। छात्रों ने जायज मांगों को लेकर जंतर-मंतर पर महीने भर विरोध प्रदर्शन किया। इसके बावजूद सरकार ने उनकी मांगों को सुनने के बजाय अड़ियल रवैया अपनाया। किसानों को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। बिजली का भारी संकट है और कई इलाकों में रात के समय बिजली नहीं रहती। महंगाई काफी बढ़ गई है और हमारी अर्थव्यवस्था अमेरिका पर निर्भर हो गई है। हमारी विदेश नीति कमजोर हुई है। किसान आवारा मवेशियों द्वारा फसल बर्बाद किए जाने से परेशान हैं, लेकिन इस पर कोई उचित कार्रवाई नहीं हो रही है। भ्रष्टाचार और हत्याओं में भी बढ़ोतरी हुई है। इन हालात में यह बैठक बहुत महत्वपूर्ण है।"
अखिलेश यादव के चुनावी मेनिफेस्टो पर अवधेश प्रसाद ने कहा, "महिलाओं को 40,000 रुपये और लैपटॉप दिए जाएंगे, उत्तर प्रदेश में बंद हुए 28,000 स्कूल फिर से खोले जाएंगे और शिक्षा का स्तर सुधारा जाएगा। किसानों को मदद दी जाएगी और मुफ्त बिजली मिलेगी। इन सभी बातों का जिक्र हमारे घोषणापत्र में है। हमारे लिए चुनावी घोषणापत्र किसी धार्मिक ग्रंथ की तरह है और यह हमारे और हमारी पार्टी के कार्यकर्ताओं के लिए बाध्यकारी है। सरकार बनने के बाद घोषणापत्र में कही गई हर बात को पूरी तरह से लागू किया जाएगा।"
सपा सांसद ने कहा, "जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आ रहा है, मुख्यमंत्री की परेशानी बढ़ती जा रही है। इस बार पीडीए की सरकार बनेगी और भाजपा को 50 सीटें भी नहीं मिलेगी। मुख्यमंत्री को अपनी राजनीतिक पहचान से जुड़े मुद्दों की तो चिंता है, लेकिन राज्य की जनता की समस्याओं की कोई परवाह नहीं है। अगर कोई चिंता है, तो वह मुख्यमंत्री से जुड़ी पहचान को बचाने की है। उन्हें लोगों के कल्याण, विकास या भलाई की कोई चिंता नहीं है। बारिश की वजह से किसानों की फसलें बर्बाद हो गई हैं और लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। राज्य में किसानों की आत्महत्या, बढ़ते अपराध और मौतों को लेकर चिंता है, लेकिन इन मुद्दों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।"
--आईएएनएस
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