संसद में महिला आरक्षण से जुड़ा संविधान संशोधन विधेयक पास न होना दुख की बातः गीता फोगाट
नई दिल्ली, 19 अप्रैल (आईएएनएस)। नई दिल्ली में हुए 'संडे ऑन साइकिल' कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंची महिला खिलाड़ियों ने लोकसभा में महिला आरक्षण से जुड़े संविधान संशोधन बिल के गिरने पर अपनी राय रखी।
पहलवान गीता फोगाट ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा, "हमें दुख है कि यह बिल संसद में पास नहीं हो पाया। मुझे उम्मीद है कि अगर आज नहीं तो कल यह बिल जरूर पास होगा और महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा।"
जूडो खिलाड़ी प्रिया शर्मा ने कहा, "मैं एक सीधी सी बात कहूंगी, महिलाओं को हमेशा अपने लिए आवाज उठानी होगी। महिलाओं को हमेशा अपने लिए खड़ा होना होगा, चाहे वह संसद में हो या कहीं और।"
बॉक्सर स्वीटी बूरा ने कहा, "यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि विपक्ष इस बिल का विरोध कर रहा है। सिर्फ 33 फीसदी की मांग की गई थी, जबकि वोटिंग में महिलाओं की भागीदारी 50 फीसदी है। आबादी का 50 फीसदी होने के बावजूद 33 फीसदी आरक्षण देने से भी विपक्ष को दिक्कत हो रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिलाओं को सशक्त बनाना चाहते हैं, इसीलिए वे यह बिल लाना चाहते थे। मैं महिलाओं के बारे में इतना सोचने के लिए पीएम मोदी को धन्यवाद देना चाहती हूं।"
वहीं, बिहार के बांका में एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंची ओलंपिक कांस्य पदक विजेता साइना नेहवाल ने कहा कि काफी उम्मीदें थीं कि विधेयक पारित हो जाएगा। जिस दिन विधेयक पर चर्चा हो रही थी, वह संसद में थी। देश की बेटियां हर क्षेत्र में अच्छा काम कर रही हैं। अगर राजनीति में भागीदारी सुनिश्चित हो जाती तो बहुत अच्छा होता है। उम्मीद है भविष्य में यह विधेयक पास हो जाएगा।
बता दें कि महिला आरक्षण संशोधन विधेयक को विपक्ष ने लोकसभा में वोटिंग के जरिए गिरा दिया। इसके बाद से ही इस पर राजनीति शुरू हो गई है। जहां एक तरफ विपक्ष सरकार पर विधेयक की आड़ में परिसीमन कराने का आरोप लगा रहा है, वहीं, पीएम मोदी से लेकर भाजपा के वरिष्ठ नेता कांग्रेस और विपक्ष को महिला विरोधी बता रहे हैं।
--आईएएनएस
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