राहुल गांधी पर महिला पत्रकार से बदसलूकी के आरोपों पर रेणुका चौधरी बोलीं, भाजपा के स्क्रिप्ट राइटर दूसरी नौकरी ढूंढे
नई दिल्ली, 13 अक्टूबर (आईएएनएस)। कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी ने मंगलवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर महिला पत्रकार से बदसलूकी के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। रेणुका ने सवाल किया कि आखिर वो पत्रकार है कौन और क्या वो सच में प्रेग्नेंट भी है? वहीं, राहुल गांधी को पीएम उम्मीदवार घोषित करने के सवाल पर उन्होंने कहा कि एक कार्यकर्ता के तौर पर मैं चाहती हूं कि वो पीएम बनें, लेकिन इसका फैसला जनता करेगी।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर एक महिला पत्रकार के साथ बदसलूकी के आरोपों को लेकर कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी ने कहा, "ये आरोप कहां से आते हैं? भाजपा के जो भी स्क्रिप्ट राइटर हैं, उन्हें दूसरी नौकरी ढूंढनी चाहिए। भाजपा की घिसी-पिटी तरकीबों से सब वाकिफ हैं। ये पत्रकार है कौन? क्या वो वाकई पत्रकार है? क्या वो सच में प्रेग्नेंट है? जब भी भाजपा किसी मामले में दखल देती है, तो सच पर भी सवाल उठने लगते हैं। ये सब सिर्फ ड्रामा है।"
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी हमेशा महिलाओं के अधिकारों के लिए खड़े रहे हैं। अब इस मामले में भी एक महिला को आगे लाया जा रहा है। भाजपा का यही तरीका है। जब कुछ और काम न करे तो एक महिला को आगे कर दो।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के इंडिया ब्लॉक के मार्च पर दिए गए बयान पर जवाब देते हुए रेणुका चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी, आप योगी हैं। अपने विचारों और सोच पर ध्यान दें और अपने राज्य का ख्याल रखें। आपको इस मामले पर आकर टिप्पणी करने की कोई जरूरत नहीं है। आम जनता और आप दोनों जानते हैं कि हम सड़कों पर क्यों उतरे हैं। इस बार आपको बख्श देते हैं।'
पश्चिम बंगाल में लगे पोस्टरों पर लिखा है कि 'बिरयानी सिर्फ हिंदू दुकानदारों से खरीदें'। इसे लेकर कांग्रेस सांसद ने कहा, ''जो कोई भी ऐसे पोस्टर लगाता है, उसकी सोच छोटी और संकीर्ण होगी। क्या आपको पता है कि जो अनाज आप खाते हैं, उसे उगाने वाले का धर्म क्या है? जब आप हॉस्पिटल में भर्ती होते हैं और आपको खून की जरूरत होती है, तो क्या आप अपनी जान बचाने के लिए खून लेने से पहले खून देने वाले का धर्म और जाति देखेंगे?
जब पूछा गया कि क्या लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को इंडिया ब्लॉक का प्रधानमंत्री उम्मीदवार घोषित करने से गठबंधन की साख बढ़ेगी तो रेणुका चौधरी ने कहा कि क्यों नहीं? हालांकि मैं मुद्दे से भटकना नहीं चाहती। राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनेंगे या नहीं, यह फैसला देश की जनता करेगी। पार्टी के कार्यकर्ता, विधायक और सांसद भी इस प्रक्रिया में अपनी भूमिका निभाएंगे।
उन्होंने कहा कि एक पार्टी कार्यकर्ता के तौर पर मैं चाहती हूं कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनें लेकिन बात सिर्फ इतनी ही नहीं है। राहुल गांधी आज जिस तरह से संघर्ष कर रहे हैं और लोगों के मुद्दे उठा रहे हैं, वह किसी अपने फायदे या इस सोच से नहीं है कि ऐसा करने से वह प्रधानमंत्री बन जाएंगे। ऐसी सोच छोटी सोच वाली है। राहुल गांधी पर ऐसे आरोप लगाना गलत है।'
इंडिया ब्लॉक के सुप्रीम कोर्ट तक मार्च को लेकर कांग्रेस सांसद ने कहा कि राहुल गांधी ने ये कदम सोच-समझकर और पूरी जिम्मेदारी के साथ उठाए हैं। हमने संसद में अपनी आवाज उठाई। उससे पहले, राहुल गांधी ने एक चिट्ठी भी लिखी थी। हमने टेलीविजन और मीडिया के जरिए भी सवाल उठाए। संसद के अंदर और बाहर, हमने सच सामने लाने की कोशिश की ताकि जनता को जानकारी मिल सके। इससे भी जरूरी बात हम चाहते थे कि हमारे साथी नागरिकों को यह भरोसा मिले कि उन्हें चिंता करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि हम भी उनके लिए लड़ने के लिए यहां हैं।
--आईएएनएस
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