पश्चिम बंगाल में वोटिंग से पहले फेक न्यूज पर चुनाव आयोग सख्त, कवि श्रीजातो से जुड़ी खबर फर्जी
कोलकाता, 22 अप्रैल (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर फैलाई जा रही गलत जानकारी और फर्जी खबरों पर कड़ा रुख अपनाया है। कार्यालय ने इस तरह की भ्रामक सूचनाएं फैलाने की कड़ी निंदा की है।
पहले चरण के मतदान से एक दिन पहले पहले सोशल मीडिया और कुछ मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर यह खबर तेजी से फैली कि बंगाल के चर्चित कवि श्रीजातो को पुलिस गिरफ्तार कर सकती है।
इस खबर ने आम लोगों के साथ-साथ राजनीतिक जानकारों को भी चौंका दिया और कई तरह की अटकलें शुरू हो गईं। लोगों के मन में सवाल उठने लगे कि आखिर एक कवि को लेकर ऐसी कार्रवाई की बात क्यों सामने आ रही है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि कुछ व्यक्तियों और मीडिया के कुछ वर्गों द्वारा जानबूझकर गलत और अप्रमाणित खबरें प्रसारित की जा रही हैं, जो न केवल लोगों को गुमराह करती हैं बल्कि लोकतांत्रिक संस्थाओं पर जनता के विश्वास को भी कमजोर करती हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों को गंभीरता से लिया जा रहा है और जो भी व्यक्ति या संस्था गलत और भ्रामक जानकारी फैलाने में शामिल पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बता दें कि विधानसभा चुनाव में पूरी तरह से निष्पक्षता और पारदर्शिता अपनाई जा रही है। इसे लेकर पश्चिम बंगाल के राज्यपाल आर.एन. रवि ने दो चरणों में होने वाले विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए 24x7 सिटीजन हेल्पलाइन शुरू करने की घोषणा की। राज्य में मतदान 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को होना है, और इस पहल का उद्देश्य निष्पक्ष, स्वतंत्र और भयमुक्त चुनाव सुनिश्चित करना है।
मंगलवार शाम राज्यपाल कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि पिछले कुछ दिनों में आम लोगों के साथ हुई बैठकों के दौरान यह फैसला लिया गया। इन मुलाकातों में लोगों ने चुनाव से पहले और बाद में होने वाली हिंसा को लेकर गंभीर चिंता जताई थी।
--आईएएनएस
डीएससी

